सोनवर्षा में अवैध मिट्टी खनन का खेल जारी, उपजाऊ जमीन हो रही बंजर
क्षेत्र के नोनैति, मैना स्थित सुरसर नदी, सोनवर्षा कृष्ण मंदिर के पीछे तिलाबे नदी किनारे और सहमौरा के तिलाबे नदी क्षेत्र के आसपास लगातार अवैध मिट्टी खनन का धंधा चल रहा है. स्थानीय लोगों के अनुसार यह कारोबार बिना किसी रोक-टोक के जारी है.
सहरसा के सोनवर्षा से मुकेश कुमार सिंह की रिपोर्ट:
सहरसा: सोनवर्षा अंचल क्षेत्र के विभिन्न उपजाऊ जमीनों में जेसीबी से अवैध मिट्टी खनन का काम जोर-शोर से जारी है. इस अवैध खनन में ट्रैक्टर और ट्रॉली का भी इस्तेमाल हो रहा है, जिनका निबंधन नहीं होने से परिवहन नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है. इससे न केवल सरकार को राजस्व की हानि हो रही है, बल्कि उपजाऊ जमीन भी धीरे-धीरे बंजर होती जा रही है.
क्षेत्र के नोनैति, मैना स्थित सुरसर नदी, सोनवर्षा कृष्ण मंदिर के पीछे तिलाबे नदी किनारे और सहमौरा के तिलाबे नदी क्षेत्र के आसपास लगातार अवैध मिट्टी खनन का धंधा चल रहा है. स्थानीय लोगों के अनुसार यह कारोबार बिना किसी रोक-टोक के जारी है.
इसी क्रम में जलसीमा गांव में एक रैयत की निजी जमीन से जेसीबी द्वारा जबरन मिट्टी काटे जाने का मामला भी सामने आया है. पीड़ित चंदन पोद्दार ने सोनवर्षा अंचलाधिकारी को आवेदन देकर कार्रवाई की गुहार लगाई, लेकिन इसके बावजूद मौके पर खनन पर रोक नहीं लग सकी. आरोप है कि उनकी निजी जमीन को भी बंजर बना दिया गया है.
वहीं, तिलाबे नदी के किनारे सरकारी और निजी दोनों तरह की जमीनों से ट्रैक्टर-ट्रॉली के माध्यम से मिट्टी खनन का सिलसिला लगातार जारी है. खनन और परिवहन विभाग की अनदेखी पर भी सवाल उठ रहे हैं.
इस मामले में सोनवर्षा अंचलाधिकारी जितेंद्र कुमार सिन्हा ने बताया कि प्राप्त आवेदन के आधार पर मामले की जांच की जा रही है.
