Garhwa News: अज्ञात विषैले जीव के आतंक से गांव में दहशत, 14 साल की बच्ची की मौत, तीन अन्य की हालत गंभीर
Garhwa News: गढ़वा के एक गांव में अज्ञात विषैले जीव के हमले से 14 वर्षीय बच्ची की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य की हालत गंभीर बताई जा रही है. घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है. पूरी खबर नीचे पढ़ें...
प्रभाष मिश्रा
Garhwa News: डंडा थाना क्षेत्र के कोटा गांव में किसी अज्ञात विषैले जीव के काटने और उसके संपर्क में आने से एक 14 वर्षीय बच्ची की मौत हो गयी, जबकि तीन अन्य बच्चियों की स्थिति बेहद गंभीर बनी हुई है. इस रहस्यमयी घटना के बाद से पूरे गांव में भय और दहशत का माहौल व्याप्त है. मृत बच्ची की पहचान कोटा गांव निवासी बेचन महतो की पुत्री किरण कुमारी के रूप में की गयी है. परिजनों ने बताया कि अज्ञात विषैले जीव के काटने के बाद किरण की तबीयत अचानक तेजी से बिगड़ने लगी. उसे आनन-फानन में इलाज के लिए गढ़वा सदर अस्पताल लाया गया, जहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार किया.
हालांकि, स्थिति अत्यधिक चिंताजनक होने के कारण चिकित्सकों ने उसे बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया. परिजन उसे लेकर बाहर जा ही रहे थे, लेकिन रास्ते में ही किरण ने दम तोड़ दिया.
पुलिस ने श्मशान से शव उठाकर कराया पोस्टमार्टम
किरण कुमारी की मौत के बाद शोकाकुल परिजनों ने गांव लाकर उसके अंतिम संस्कार की तैयारी पूरी कर ली थी. इसी बीच घटना की जानकारी डंडा थाना पुलिस को मिली. पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मौके पर पहुंचकर शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए वापस गढ़वा सदर अस्पताल भेज दिया. इस घटना में गांव की तीन अन्य बच्चियां नीलम कुमारी, निधि कुमारी और सोनम कुमारी भी उसी अज्ञात विषैले जीव के संपर्क में आने से गंभीर रूप से बीमार हो गयी हैं. तीनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी स्थिति गंभीर और चिंताजनक बनी हुई है.
विषैले जीव की पहचान करने में जुटा प्रशासन
घटना की गंभीरता को देखते हुए सिविल सर्जन डॉ जॉन एफ कैनेडी ने तत्काल एक विशेष मेडिकल टीम को कोटा गांव के लिए रवाना किया. मेडिकल टीम गांव में कैंप कर प्रभावित लोगों व अन्य ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण कर रही है. साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आखिर वह कौन सा विषैला जीव है, जिसके कारण यह हादसा हुआ. सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ माहेरू यामानी ने ग्रामीणों से पैनिक न होने और सतर्क रहने की अपील की है.
झाड़-फूंक के चक्कर में न रहें ग्रामीण
उन्होंने कहा कि किसी भी अज्ञात जीव-जंतु के काटने पर झाड़-फूंक या अंधविश्वास के चक्कर में समय बर्बाद न करें. ऐसे मामलों में मरीज को तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या सदर अस्पताल लेकर आएं, ताकि समय पर सही इलाज शुरू हो सके. इधर, घटना के बाद से कोटा गांव में मातम और चिंता का माहौल है.
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