Deoghar: बड़ी उपलब्धि, दुनिया के टॉप वैज्ञानिकों में एम्स देवघर के नौ फैकल्टी शामिल

Deoghar: एम्स देवघर के लिए यह गौरव का क्षण है कि उसके 9 फैकल्टी सदस्यों को दुनिया के टॉप वैज्ञानिकों की सूची में शामिल किया गया है. इस उपलब्धि को चिकित्सा अनुसंधान और अकादमिक उत्कृष्टता के क्षेत्र में बड़ी सफलता माना जा रहा है. पूरी खबर नीचे पढ़ें...

By AmleshNandan Sinha | June 16, 2026 10:29 PM

Deoghar: अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) देवघर ने शोध और एकेडेमिक क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है. संस्थान के कार्यकारी निदेशक सहित नौ फैकल्टी सदस्यों को नवीनतम ग्लोबल साइंटिस्ट इंडेक्स रैंकिंग में दुनिया के शीर्ष 5 प्रतिशत वैज्ञानिकों में स्थान मिला है. इस उपलब्धि ने एम्स देवघर को राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नई पहचान मिली है.

80 लाख से अधिक शोधकर्ताओं के बीच मिली पहचान

ग्लोबल साइंटिस्ट इंडेक्स दुनिया के सबसे बड़े ओपन रिसर्च डाटाबेस ओपनएलेक्स के आंकड़ों के आधार पर वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं का मूल्यांकन करता है. इस बार की रैंकिंग में विश्वभर के 80 लाख से अधिक सक्रिय शोधकर्ताओं की प्रोफाइल और दो करोड़ से ज्यादा शोध प्रकाशनों का विश्लेषण किया गया. इसी व्यापक आकलन के बाद शीर्ष 5 प्रतिशत वैज्ञानिकों की सूची तैयार की गयी.

कार्यकारी निदेशक समेत नौ वैज्ञानिक सूची में

एम्स देवघर के जिन नौ फैकल्टी सदस्यों को इस प्रतिष्ठित सूची में स्थान मिला है, उनमें कार्यकारी निदेशक प्रो नितिन गंगने, प्रो. सोमशेखर निम्बालकर, डॉ शेषाद्रि रेड्डी वरिकासुवु, डॉ आनंद कुमार पांडी, डॉ अनिर्बान गांगुली, डॉ सुदीप भट्टाचार्य, डॉ बिजित बिस्वास, डॉ श्री सुधा टीवाई और डॉ हिमेल मंडल शामिल हैं. इन वैज्ञानिकों ने चिकित्सा विज्ञान, जनस्वास्थ्य, क्लीनिकल रिसर्च और विभिन्न शोध क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान दिया है.

शोध संस्कृति को मिला वैश्विक सम्मान

संस्थान के लिए यह उपलब्धि केवल व्यक्तिगत सम्मान नहीं, बल्कि एम्स देवघर में विकसित हो रही मजबूत शोध संस्कृति की भी पहचान है. विशेषज्ञों का मानना है कि यह सम्मान संस्थान में हो रहे गुणवत्तापूर्ण शोध कार्यों और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को वैश्विक स्तर पर स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा.

विद्यार्थियों और युवा शोधकर्ताओं को मिलेगी प्रेरणा

शैक्षणिक जगत से जुड़े लोगों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली यह पहचान मेडिकल छात्रों, रेजिडेंट डॉक्टरों और युवा शोधकर्ताओं के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी. इससे संस्थान में अनुसंधान गतिविधियों को और बढ़ावा मिलेगा तथा उच्च गुणवत्ता वाले शोध कार्यों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार होगा.

उभरते शोध केंद्र के रूप में मजबूत हुई पहचान

कम समय में एम्स देवघर ने चिकित्सा शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और अनुसंधान के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है. दुनिया के शीर्ष वैज्ञानिकों की सूची में एक साथ नौ फैकल्टी सदस्यों का शामिल होना इस बात का प्रमाण है कि संस्थान तेजी से एक उभरते हुए शोध एवं चिकित्सा उत्कृष्टता केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है.

सूची में शामिल वैज्ञानिक

  • प्रो नितिन गंगाने
  • प्रो सोमशेखर निम्बालकर
  • डॉ शेषाद्रि रेड्डी वरिकासुवु
  • डॉ आनंदकुमार पांडी
  • डॉ अनिर्बान गांगुली
  • डॉ सुदीप भट्टाचार्य
  • डॉ बिजित बिस्वास
  • डॉ श्री सुधा टी.वाई.
  • डॉ हिमेल मंडल.

हाइलाइट्स

  • ग्लोबल साइंटिस्ट इंडेक्स में एम्स देवघर के नौ वैज्ञानिकों को स्थान.
  • दुनिया भर के 80 लाख से अधिक शोधकर्ताओं का किया गया मूल्यांकन.
  • कार्यकारी निदेशक प्रो. नितिन गंगने समेत नौ फैकल्टी सदस्य सूची में शामिल.
  • शोध एवं एकेडमिक उत्कृष्टता के क्षेत्र में एआईएमएस देवघर को मिली वैश्विक पहचान

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