USA स्टार बालोगुन के लिए ट्रंप बने ढाल, फीफा ने हटाई निलंबन की तलवार; VIDEO

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फोलारिन बालोगुन को मिले रेड कार्ड पर सवाल उठाते हुए फीफा से फैसले की समीक्षा करने की मांग की है. ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के स्टार खिलाड़ी को अगले मैच से बाहर करना उनके साथ नाइंसाफी है. जिसके बाद फीफा ने रेड कार्ड के फैसले को वापस ले लिया है.

By Ujjawal Sinha | July 6, 2026 11:08 PM

Donald Trump FIFA Review: फीफा वर्ल्ड कप 2026 के दौरान अमेरिका के स्टार स्ट्राइकर फोलारिन बालोगुन को मिले रेड कार्ड को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप खुलकर उनके समर्थन में उतर आए हैं. ट्रंप ने कहा कि बालोगुन अमेरिका के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से एक हैं और उन्हें अगले मैच से बाहर करना पूरी तरह अनुचित है.

‘मुझे नहीं पता था रेड कार्ड का मतलब क्या होता है’

सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में ट्रंप ने कहा कि जब उन्हें बताया गया कि रेड कार्ड मिलने के बाद खिलाड़ी अगले मैच में नहीं खेल सकता, तो उन्हें यह फैसला बेहद अन्यायपूर्ण लगा. उन्होंने कहा, “बालोगुन हमारा सबसे बेहतरीन खिलाड़ी है. उसे रेड कार्ड मिला. मुझे पहले नहीं पता था कि इसका मतलब क्या होता है, लेकिन बाद में पता चला कि वह अगला मैच नहीं खेल पाएगा.”

अगले मैच की सजा पर उठाए सवाल

मीडिया से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि यह फाउल नहीं था, बल्कि दो खिलाड़ी पूरी रफ्तार से दौड़ते हुए आपस में टकरा गए थे. उन्होंने रेफरी के फैसले को संदिग्ध बताते हुए कहा कि बालोगुन ने कुछ भी गलत नहीं किया था और वह अमेरिकी टीम के सबसे महत्वपूर्ण खिलाड़ियों में से एक हैं.

अमेरिकी राष्ट्रपति ने खुलासा किया कि उन्होंने इस मामले को लेकर फीफा से संपर्क किया और फैसले की समीक्षा करने का अनुरोध किया. ट्रंप ने कहा कि मैंने फीफा से इस फैसले की समीक्षा करने के लिए कहा. ट्रंप ने सवाल उठाते हुए कहा कि किसी खिलाड़ी को उस मैच के लिए कैसे दंडित किया जा सकता है जो अभी खेला ही नहीं गया है. उन्होंने कहा, “यह बहुत अनुचित है. आप किसी खिलाड़ी को ऐसे मैच के लिए कैसे सजा दे सकते हैं जो अभी हुआ ही नहीं है?”

बालोगुन अमेरिका के लिए रहे हैं अहम खिलाड़ी

25 वर्षीय फोलारिन बालोगुन इस वर्ल्ड कप में अमेरिका के प्रमुख खिलाड़ियों में शामिल रहे हैं. उनकी गति, गोल करने की क्षमता और आक्रमण में मौजूदगी अमेरिकी टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है. ऐसे में उनके संभावित निलंबन ने टीम की चिंताएं बढ़ा दी थीं.

बेल्जियम के खिलाफ खेल सकेंगे बालोगुन

फीफा के फैसले के बाद 25 वर्षीय स्ट्राइकर अब सोमवार को सिएटल स्टेडियम में बेल्जियम के खिलाफ होने वाले राउंड ऑफ-16 मुकाबले में खेल सकेंगे. बालोगुन इस टूर्नामेंट में अब तक तीन गोल कर चुके हैं और अमेरिका के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में शामिल रहे हैं. उनकी उपलब्धता अमेरिकी कोच मौरिसियो पोचेटिनो के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है.

बेल्जियम फुटबॉल संघ ने जताई नाराजगी

फीफा के इस फैसले का बेल्जियम फुटबॉल संघ (RBFA) ने कड़ा विरोध किया है. संघ ने अपने बयान में कहा कि वह अमेरिका-बेल्जियम मैच से पहले बालोगुन को खेलने की अनुमति दिए जाने के फैसले से हैरान है और अपने हितों की रक्षा के लिए सभी कानूनी विकल्पों पर विचार कर रहा है.

टेड क्रूज ने भी ट्रंप का किया समर्थन

अमेरिकी सीनेटर टेड क्रूज ने भी ट्रंप के हस्तक्षेप की सराहना की. उन्होंने रेड कार्ड को ‘बेतुका’ बताते हुए कहा कि ट्रंप ने शानदार काम किया है और अमेरिका के हितों की रक्षा की है. अब यह मामला सिर्फ खेल तक सीमित नहीं रह गया है. फीफा के फैसले ने वर्ल्ड कप के बीच खेल, राजनीति और नियमों की निष्पक्षता पर नई बहस छेड़ दी है.

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