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Home Religion चंद्रमा का ज्योतिषीय रहस्य, कौन है मित्र, कौन है शत्रु?

चंद्रमा का ज्योतिषीय रहस्य, कौन है मित्र, कौन है शत्रु?

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चंद्रमा का ज्योतिषीय रहस्य, कौन है मित्र, कौन है शत्रु?
ज्योतिष में चंद्रमा का रहस्य

रघोत्तम शुक्ल
पूर्व पीसीएस, लखनऊ

Chandrama in Astrology: ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को अत्यंत प्रभावशाली ग्रह माना गया है. पृथ्वी के सबसे निकट होने के कारण इसका प्रभाव समस्त चराचर जगत पर पड़ता है. किसी भी जातक की जन्मकुंडली में जिस राशि पर जन्म समय चंद्रमा स्थित होता है, वही उसकी “राशि” कहलाती है. दैनिक और तात्कालिक फलादेश में चंद्रमा से अन्य ग्रहों की दूरी को विशेष महत्व दिया जाता है.

स्वभाव, गोचर और प्रभाव क्षेत्र

चंद्रमा शुक्ल पक्ष की अष्टमी से पूर्णिमा तक लगभग 15 दिनों तक शुभ और सौम्य फलदायी माना जाता है, जबकि कृष्ण पक्ष में इसका स्वभाव कुछ कठोर या क्रूर समझा जाता है. यह लगभग दो दिन छह घंटे में एक राशि का गोचर करता है, इसलिए इसका प्रभाव तीव्र और शीघ्र बदलने वाला होता है. शरीर में चंद्रमा का अधिकार कंठ और वक्ष स्थल पर बताया गया है. आयुर्वेदिक दृष्टि से यह कफ और वात दोष को प्रभावित करता है. मानसिक स्थिति, भावनाएं, संवेदनशीलता और स्मरण शक्ति पर भी इसका गहरा प्रभाव माना गया है.

किन भावों में देता है शुभ फल?

गोचर के दौरान यदि चंद्रमा जन्मराशि में, या उससे तीसरे, छठे, सातवें, दसवें और ग्यारहवें भाव में स्थित हो, तो यह शुभ परिणाम देता है. अन्य भावों में इसका प्रभाव अपेक्षाकृत कम अनुकूल माना जाता है. चंद्रमा अपनी स्थिति से सातवें भाव पर पूर्ण दृष्टि डालता है, जिससे वैवाहिक जीवन, साझेदारी और सामाजिक संबंध प्रभावित होते हैं.

मित्र, शत्रु और सम ग्रह

ज्योतिष के अनुसार सूर्य और बुध चंद्रमा के मित्र ग्रह हैं. शुक्र, मंगल, गुरु और शनि के साथ इसका सम (तटस्थ) संबंध माना गया है. चंद्रमा का कोई स्थायी शत्रु ग्रह नहीं बताया गया, किंतु केतु इसे ग्रहण के समय ग्रसित करता है. वहीं बुध, शुक्र और शनि चंद्रमा को अपना शत्रु मानते हैं.

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उच्च और नीच स्थिति

वृष राशि में चंद्रमा उच्च का होता है, जहां यह अत्यंत शुभ और सशक्त फल देता है. वहीं वृश्चिक राशि में यह नीच का माना जाता है, जिससे इसके सकारात्मक प्रभाव कमजोर पड़ सकते हैं. इस प्रकार चंद्रमा मन, स्वास्थ्य और भाग्य का संवेदनशील कारक है, जिसका प्रभाव जीवन के अनेक क्षेत्रों पर प्रत्यक्ष रूप से दिखाई देता है.

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शौर्य पुंज विशेष रूप से दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों एवं लेखों पर फोकस कर रहे हैं. वो डिजिटल मीडिया जगत के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. पाठकों की रुचि और जरूरतों को ध्यान में रखते हुए वे सरल, सहज और तथ्यपूर्ण धार्मिक एवं ज्योतिषीय कंटेंट तैयार करते हैं. डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ शौर्य खबरों की नब्ज को समझने और जटिल विषयों को आसान भाषा में प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांस लेखन से की थी. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में कार्य करने का अवसर मिला और अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन में काम शुरू किया. यहां उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस रिपोर्ट और मनोरंजन जगत की प्रमुख खबरों पर लेखन किया. साल 2020 के दौरान उन्होंने लाइफस्टाइल, हेल्थ, एजुकेशन और अन्य नॉन-न्यूज कैटेगरी में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया. Health & Fitness, Beauty & Fashion, Relationship & Family, Food & Recipes, Travel, Astrology & Vastu, Career & Motivation, Festival & Culture जैसे विषयों पर उन्होंने सैकड़ों उपयोगी और जानकारीपूर्ण लेख तैयार किए. शिक्षा शौर्य पुंज का जन्म रांची, झारखंड में हुआ. उनकी प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एंड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. (ऑनर्स) की डिग्री प्राप्त की. पत्रकारिता की उनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें समाचार लेखन के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे के आधार पर तथ्यपूर्ण, संतुलित और प्रभावी कंटेंट तैयार करने में सक्षम बनाती है. विशेषज्ञता के क्षेत्र दैनिक राशिफल साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल ज्योतिषीय उपाय पूजा-पाठ एवं धार्मिक अनुष्ठान व्रत-त्योहार एवं शुभ मुहूर्त वास्तु शास्त्र धार्मिक मान्यताएं एवं परंपराएं लाइफस्टाइल एवं वेलनेस हेल्थ एवं फिटनेस डिजिटल कंटेंट राइटिंग एवं SEO पाठकों तक विश्वसनीय, उपयोगी और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाना शौर्य पुंज की लेखन शैली की सबसे बड़ी विशेषता है.
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