[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home World रूस ने यूक्रेन जंग में झोंके 1000 से ज्यादा केन्याई, 2 लाख सैलरी और बोनस का लालच, रिपोर्ट में खुलासा

रूस ने यूक्रेन जंग में झोंके 1000 से ज्यादा केन्याई, 2 लाख सैलरी और बोनस का लालच, रिपोर्ट में खुलासा

0
रूस ने यूक्रेन जंग में झोंके 1000 से ज्यादा केन्याई, 2 लाख सैलरी और बोनस का लालच, रिपोर्ट में खुलासा
केन्याई फाइटर की एआई जनरेटेड इमेज.

Russia Ukraine War: रूस और यूक्रेन के बीच चल रही भीषण जंग में अब अफ्रीकी देशों के युवाओं को ‘मोहरा’ बनाया जा रहा है. केन्या की नेशनल इंटेलिजेंस सर्विस (NIS) की एक लेटेस्ट रिपोर्ट ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है. रिपोर्ट के मुताबिक, 1,000 से ज्यादा केन्याई नागरिक रूस की तरफ से युद्ध लड़ने के लिए भर्ती किए गए हैं. यह आंकड़ा सरकारी अनुमान से पांच गुना ज्यादा है.

2 लाख रुपये सैलरी और बोनस का लालच

केन्या की संसद में मेजॉरिटी लीडर किमणी इचुंगवाह ने इंटेलिजेंस रिपोर्ट पढ़ते हुए बताया कि भर्ती करने वाली एजेंसियां पूर्व सैनिकों, पुलिस अधिकारियों और बेरोजगार युवाओं को अपना निशाना बना रही हैं. इन युवाओं को हर महीने 3.5 लाख शिलिंग (करीब 2 लाख रुपये) सैलरी और 9 से 12 लाख शिलिंग तक का बोनस देने का वादा किया जा रहा है. साथ ही उन्हें रूस की नागरिकता दिलाने का लालच भी दिया जा रहा है.

रैकेट में सरकारी अफसरों की मिलीभगत

रिपोर्ट में दावा किया गया है कि यह सब एक बड़े सिंडिकेट के जरिए हो रहा है. इसमें केन्या के इमिग्रेशन विभाग, क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन निदेशालय (DCI) और एयरपोर्ट स्टाफ के भ्रष्ट अधिकारी शामिल हैं. इतना ही नहीं, रिपोर्ट के अनुसार नैरोबी में रूसी दूतावास और मॉस्को में केन्याई दूतावास के कुछ कर्मचारी भी इस खेल में मिले हुए हैं, जो टूरिस्ट वीजा दिलवाने में मदद करते हैं.

पकड़े जाने के डर से बदला रास्ता

इंटेलिजेंस रिपोर्ट के मुताबिक, जब नैरोबी एयरपोर्ट पर सख्ती बढ़ी, तो इन युवाओं को भेजने के लिए रास्ते बदल दिए गए. अब इन रंगरूटों को युगांडा, दक्षिण अफ्रीका और कांगो (DRC) के रास्ते रूस भेजा जा रहा है. शुरुआत में ये लोग टूरिस्ट वीजा पर जाते हैं और फिर वहां जाकर सेना में शामिल हो जाते हैं.

युद्ध के मैदान में क्या है हाल?

रिपोर्ट में वहां फंसे लोगों का पूरा डेटा भी दिया गया है:

  • 89 लोग इस वक्त सीधे फ्रंटलाइन (जंग के मैदान) पर हैं.
  • 39 लोग घायल होने के बाद अस्पताल में भर्ती हैं.
  • 28 लोग लापता बताए जा रहे हैं.
  • 30 लोगों को वापस देश लाया जा चुका है.
  • 35 लोग अभी मिलिट्री कैंपों में ट्रेनिंग ले रहे हैं.

रूस ने आरोपों को नकारा

दूसरी तरफ, केन्या में रूसी दूतावास ने इन सभी दावों को गलत बताया है. उन्होंने एक बयान जारी कर कहा कि रूसी सरकार ने कभी भी केन्याई नागरिकों की अवैध भर्ती नहीं की है. हालांकि, उन्होंने यह जरूर माना कि रूसी कानून के तहत कोई भी विदेशी नागरिक अपनी मर्जी से सेना में शामिल हो सकता है.

दक्षिण अफ्रीका और भारत का भी यही हाल

यह समस्या सिर्फ केन्या तक सीमित नहीं है. दक्षिण अफ्रीका की सरकार भी 17 ऐसे पुरुषों की जांच कर रही है जिन्हें अच्छी नौकरी के बहाने धोखे से जंग में झोंक दिया गया. रिपोर्ट में जिक्र है कि भारत के भी कई युवा इसी तरह रूसी एजेंटों के जाल में फंसकर यूक्रेन की फ्रंटलाइन पर फंसे हुए हैं.

ये भी पढ़ें: ईरान पर हमला करने को तैयार US, अगर जंग छिड़ी तो बदल सकता है दुनिया का भूगोल; 6 पॉइंट

ये भी पढ़ें:- ईरान पर हमला करने के लिए कहां खड़ी है US आर्मी? ट्रंप ने शिया मुल्क को 10-15 दिन की दी है मोहलत

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel