पंचायत से जिला स्तर के अधिकारी सप्ताह में दो दिन कार्यालय में जनता की सुनेंगे
आमजन को अपनी समस्याओं के निदान के लिए कार्यालयों का चक्कर लगाना पड़ता था. अब उससे मुक्ति मिलने जा रही है.
— सोमवार व शुक्रवार को जनता मिलकर अधिकारी को बता सकेंगे अपनी समस्या
— आमजन के जीवन को बनाना है आसान
राज्य सरकार द्वारा सात निश्चय- तीन के सातवें निश्चय ””””””””सबका सम्मान-जीवन आसान”””””””” के तहत नागरिकों के दैनिक जीवन में आने वाली कठिनाईयों को कम कर उनके जीवन को और आसान बनाने के लिए सरकार अधिकारियों को सप्ताह में दो दिन कार्यालय में ठहरने की व्यवस्था की है. मुख्य सचिव का मानना है, अक्सर आम लोग जब अपनी समस्याओं को लेकर सरकारी कार्यालय पहुंचते हैं, तो अधिकारी उपस्थित नहीं रहते हैं, जिसके कारण उन्हें असुविधा होती है. इसे देखते हुए ही ताजा नियम लागू किया गया है.— जनता से अधिकारी सम्मानपूर्वक मिलेंगे
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को कार्यालय में दो दिन जनता से सम्मानपूर्वक मिलने व उनकी शिकायतों का त्वरित निष्पादन करने को कहा है. सरकारी कार्यालयों में आगंतुकों के लिए पेयजल व शौचालय की व्यवस्था सुनिश्चित रहेगी. एक पंजी पर शिकायतों का संधारण किया जाएगा. मुख्य सचिव ने पंचायत से जिला स्तर के पदाधिकारियों को उक्त निर्देश कर शत प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने/कराने को कहा है. यह बता दें कि उक्त निर्देश 19 जनवरी से लागू हो गया है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
