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बेनी उर्स में अकीदतमंदों ने चादर पोशी कर मांगी दुआ

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बेनी उर्स में अकीदतमंदों ने चादर पोशी कर मांगी दुआ

बलिया बेलौन बेनी जलालपुर पंचायत के बेनी गांव में प्रसिद्ध शुफी, पीर ए तरीकत, हजरत ख़्वाजा सैयद शाह रोशन अली चिराग उर्फ धौताल बाबा का सालाना उर्स बुधवार से शुरू हुआ. शुक्रवार की शाम में संपन्न होगा. नौजवान दरगाह कमेटी बेनी की ओर से प्रत्येक वर्ष उर्स का सफल आयोजन किया जाता है. उर्स कमेटी के सचिव डॉ कौशीन अहमद रेजा, मुखिया प्रतिनिधि नाहीद आलम, अबुल कलाम ने कहा की उर्स मुबारक एक अप्रैल से शुरू होकर तीन अप्रैल के शाम में सम्पन्न होगा. दूर दराज से हजारों अकीदतमंद मजार शरीफ में हाजिर होकर फैज़ प्राप्त करते हैं. बेनी मजार का इतिहास बहुत पुराना है. सभी जाति, धर्म के लोगों के लिए यह मजार आस्था का केंद्र रहा है. जितनी संख्या में मुसलमान भाई मजार शरीफ में फातेहा खानी करते हैं. कहीं उस से ज्यादा अन्य धर्मों के लोग यहां आकर माथा टेकते हैं. मजार शरीफ में कुल शरीफ, फातेहा खानी, चादर पोसी के साथ रात में महफिले शमा कव्वाली का आयोजन होता है. कमेटी सदस्यों ने बताया की पीर साहब के मानने वाले दूर दराज तक फैले हैं. यहां जो भी सच्चे दिल से दुआ मांगते हैं. उस की मुराद पूरी होती है. प्रत्येक वर्ष की तरह इस वर्ष भी उर्स के मौके पर बुधवार को बाद नमाज मगरीब चादर पोशी, कुल शरीफ, फातेहा खानी के बाद महफिले शमां कव्वाली का आयोजन हुआ. इसके बाद नमाज फजर कुरआन खानी होगी. दोपहर में अकीदतमंदों के बीच लंगर का वितरण किया जायेगा. अकीदतमंदों की सुविधा के लिए कमेटी की ओर से बिजली, पानी, पंडाल व सुरक्षा गार्ड की व्यवस्था की गयी है. बेनी पीर मजार को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित कराने के लिए पूर्व विधायक डॉ शकील अहमद खान ने विधानसभा में प्रमुखता से मुद्दा उठाया था.

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