[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार हाजीपुर hajipur news. बहनों ने पहले भाइयों को श्राप दिया, फिर कांटा चुभो कर पाश्चाताप किया

hajipur news. बहनों ने पहले भाइयों को श्राप दिया, फिर कांटा चुभो कर पाश्चाताप किया

0
hajipur news. बहनों ने पहले भाइयों को श्राप दिया, फिर कांटा चुभो कर पाश्चाताप किया

प्रेमराज. गोरौल प्रखंड क्षेत्र की विभिन्न जगहों पर गोवर्धन पूजा व भैया दूज गुरुवार को काफी श्रद्धा और विश्वास के साथ मनाया गया. वैसे तो कार्तिक शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को ही भैया दूज मनाया जाता रहा है, लेकिन इस साल बुधवार व गुरुवार को यह दो दिन मनाया गया. गुरुवार की अगले सुबह महिलाएं और कन्याएं गोबर की बनाई गई आकृतियों वाले गोधन पूजा स्थल पर पहुंची. पहले बनाए गए अन्न कूट व गोवर्धन के प्रतीकों की पूजा कर भाइयों को श्राप दिया. फिर कांटे को जीह्वा से चुभों, चुभों कर पश्चाताप भी किया. इसके बाद गोबर से बनाई गई गोधन की आकृतियों को मुसल से कुटा. ऐसी मान्यता है कि इस दिन बहन यम और यमुना की पूजा करने व गोधन कूटने के बाद भाइयों को बजरी ( कच्चा चना, व केराव और मटर) व मिठाई खिलाती है. मान्यता है कि भाईयों का उम्र बढ़ने के साथ ही उनपर आया खतरा टल जाता है. इसे लेकर गोरौल सहित आस पास के क्षेत्रों में अहले सुबह महिलाओं व कुवारियों ने गोधन कूटा. कई जगहों पर सुबह में महिलाओं की काफी भीड़ देखी गई. गोधन कूटने के साथ ही धर्म शास्त्रों के अनुसार अब मांगलिक कार्यों को करने का मार्ग भी प्रशस्त हो गया. अब शादी उपनयन संस्कार, मुंडन, गृह प्रवेश समेत और मांगलिक कार्य भी हो सकेंगे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel