अधीक्षण अभियंता के सैदपुर आवास पर ईओयू की छापेमारी

आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने भवन निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता पवन कुमार के विभिन्न ठिकानों पर बुधवार को एक साथ छापेमारी की. इस दौरान भागलपुर शहर के आनंदगढ़ कॉलोनी स्थित आवास और नवगछिया के गोपालपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत सैदपुर स्थित पैतृक घर समेत कुल छह स्थानों की तलाशी ली गयी. जांच में पवन कुमार पर ज्ञात वैध आय से लगभग 103.94 प्रतिशत अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप है.

By AJEET KUMAR | June 24, 2026 11:25 PM

गोपालपुर (भागलपुर) से बिपिन की रिपोर्ट

Bhagalpur News : भागलपुर/गोपालपुर। आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में भवन निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता पवन कुमार के विभिन्न ठिकानों पर बुधवार को आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) की टीम ने व्यापक छापेमारी अभियान चलाया. यह कार्रवाई बिहार की राजधानी पटना, भागलपुर, नोएडा और नई दिल्ली स्थित कुल छह ठिकानों पर एक साथ की गयी.

सैदपुर स्थित आवास पर परिजनों से पूछताछ

नवगछिया के गोपालपुर थाना क्षेत्र के सैदपुर स्थित उनके पैतृक आवास पर पहुंची ईओयू की टीम ने तीन से चार कमरों की गहन तलाशी ली. हालांकि यहां से कोई विशेष सामग्री बरामद नहीं होने की जानकारी मिली है. टीम के अधिकारियों ने घर के परिजनों से पूछताछ की, फोटोग्राफी करायी तथा उपलब्ध दस्तावेजों की जांच की. गोपालपुर स्थित आवास की तलाशी के दौरान टीम ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, बैंक खातों से संबंधित कागजात, निवेश संबंधी अभिलेख तथा चल-अचल संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज जब्त किये हैं. इन दस्तावेजों की जांच कर संपत्तियों के स्रोत और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल की जायेगी.

भागलपुर स्थित आनंदगढ़ कॉलोनी भी पहुंची टीम

दूसरी ओर सुबह के समय ईओयू के सदस्य भागलपुर शहर के आनंदगढ़ कॉलोनी स्थित पवन कुमार के आवास पर भी पहुंचे. स्थानीय लोगों के अनुसार चार वाहनों से पहुंचे अधिकारियों ने घर के विभिन्न कमरों की तलाशी ली. इस दौरान मोहल्ले के कुछ लोगों से भी पूछताछ की गयी। जांच प्रक्रिया पूरी करने के बाद टीम वहां से लौट गयी.

दस्तावेजों के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई

ईओयू सूत्रों के अनुसार प्रारंभिक जांच में अधीक्षण अभियंता पवन कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के पर्याप्त संकेत मिले हैं. जांच एजेंसी का दावा है कि उन्होंने अपनी ज्ञात वैध आय से लगभग 103.94 प्रतिशत अधिक संपत्ति अर्जित की है. प्रारंभिक आकलन में करीब 3.89 करोड़ रुपये की संदिग्ध संपत्ति का पता चला है.

ईओयू अधिकारियों ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच जारी है। छापेमारी के दौरान प्राप्त साक्ष्यों और दस्तावेजों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जायेगी। इस कार्रवाई के बाद विभागीय और प्रशासनिक हलकों में भी चर्चा का माहौल बना हुआ है।