मुख्य बातें:
जोगबनी (अररिया) से सुदीप भारती की रिपोर्ट
SSB Seized Codeine Cough Syrup: भारत-नेपाल सीमा से सटे अररिया जिले के जोगबनी में सशस्त्र सीमा बल (SSB) ने नशीली दवाओं की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है. 56वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल बथनाहा के अंतर्गत “एफ” समवाय जोगबनी की विशेष गश्ती टीम ने बुधवार को गुप्त सूचना के आधार पर नेताजी चौक के समीप छापेमारी की. इस कार्रवाई के दौरान अवैध रूप से ले जाई जा रही कोडीन युक्त प्रतिबंधित कफ सिरप की 89 बोतलें बरामद की गईं. इसके साथ ही तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक मोटरसाइकिल को भी मौके से जब्त कर लिया गया है, जिससे सीमावर्ती इलाकों में हड़कंप मच गया है.
सीमा स्तंभ 179/2 के पास घेराबंदी कर दबोची खेप
- गुप्त सूचना पर कार्रवाई: एसएसबी कमांडेंट को पुख्ता जानकारी मिली थी कि सीमा स्तंभ (पिलर) संख्या 179/2 के नजदीक, भारतीय क्षेत्र में करीब एक किलोमीटर अंदर नशीली दवाओं की एक बड़ी खेप की खेप पार कराई जा रही है.
- जांच में मिला प्रतिबंधित सॉल्ट: सूचना मिलते ही गश्ती टीम ने नेताजी चौक पर नाकेबंदी कर एक संदिग्ध बाइक को रोका. बाइक पर लदे कार्टन की तलाशी लेने पर उसमें से कोडीन फॉस्फेट व ट्रिप्रोलिडिन हाइड्रोक्लोराइड सिरप की 100-100 एमएल (ml) वाली 89 बोतलें बरामद हुईं.
- फारबिसगंज से जुड़ा है कनेक्शन: प्रारंभिक पूछताछ और जांच में यह बात सामने आई है कि नशे की यह खेप फारबिसगंज की ओर से लाई जा रही थी, जिसे सीमावर्ती क्षेत्र के रास्ते नेपाल या स्थानीय युवाओं के बीच ऊंचे दामों पर खपाया जाना था.
जब्त सामग्री जोगबनी थाना को सुपुर्द; तस्करों के खिलाफ केस दर्ज
एसएसबी के अधिकारियों ने बताया कि कागजी औपचारिकताओं को पूरा करने के बाद जब्त की गई सभी 89 बोतल कफ सिरप और मोटरसाइकिल को आगे की कानूनी कार्रवाई और एफआईआर दर्ज करने के लिए जोगबनी थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है. सीमा सुरक्षा बल और पुलिस संयुक्त रूप से इस गिरोह के मुख्य सरगना का पता लगाने में जुट गई है.
SSB Seized Codeine Cough Syrup: युवाओं में बढ़ते नशे के चलन को रोकने के लिए विशेष अभियान
सीमावर्ती इलाकों में हाल के दिनों में मेडिकल नशे (प्रिस्क्रिप्शन ड्रग्स) का कारोबार तेजी से बढ़ा है, जिसे देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं.
- कड़ी निगरानी के निर्देश: एसएसबी अधिकारियों के अनुसार, कोडीन युक्त सिरप का इस्तेमाल सामान्य सर्दी-खांसी के बजाय बड़े पैमाने पर नशे के विकल्प के रूप में किया जा रहा है, जो युवा पीढ़ी को खोखला कर रहा है.
- बढ़ाई गई पेट्रोलिंग: सीमा पार नशीले पदार्थों और हथियारों की तस्करी को पूरी तरह रोकने के लिए खुफिया तंत्र को सक्रिय कर दिया गया है. पिलर संख्या के आस-पास के असंचालित रास्तों और पगडंडियों पर दिन के साथ-साथ रात की पेट्रोलिंग (गश्त) को भी और अधिक कड़ा कर दिया गया है.
