Congress: कांग्रेस नेता उदित राज ने प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात पर निशाना साधा है. पीटीआई न्यूज एजेंसी के मुताबिक, उन्होंने कहा कि हाउडी मोदी और नमस्ते ट्रंप जैसे कार्यक्रमों के बाद भी अमेरिका ने भारत पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगा दिया, मोदी सरकार विदेश नीति के मामले में बिल्कुल फेल है.
भारतीयों को हथकड़ी लगाकर वापस भेजा
कांग्रेस नेता उदित राज ने मोदी सरकार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से डरने का कथित आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि देश के सैकड़ों नागरिकों को अमेरिका ने बेड़ियां लगाकर बिल्कुल अपराधियों तरह वापस भेजा, लेकिन उसके बाद भी केंद्र सरकार ने ट्रंप के इस रवैये पर कोई सवाल नहीं किया.इसे डरना नहीं तो और क्या कहा जाए.
ऑपरेशन सिंदूर के दौरान ट्रंप ने कथित तौर पर संघर्ष रोकने की बात
कांग्रेस नेता राज ने भारत और पाकिस्तान के बीच चल रहे ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए मोदी सरकार पर हमला बोला है. उन्होंने कहा कि पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने आतंकी संगठनों को खत्म करने के लिए ऑपरेशन सिंदूर किया है, लेकिन ट्रंप ने कहा कि हमने भारत और पाकिस्तान के बीच चल रहे संघर्ष रोकवा दिया, लेकिन इसके बाद भी मोदी सरकार ने कभी नहीं कहा कि ट्रंप की बात गलत है.
देश के तीन नाविक मारे गए, सरकार ने अमेरिका से नहीं किया सवाल
कांग्रेस नेता उदित राज ने प्रधानमंत्री मोदी को अमेरिका राष्ट्रपति ट्रंप के सामने आत्मसमर्पण करने का कथित आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि अभी हाल ही अमेरिका द्वारा हमारे तीन नाविकों को मौत के घाट उतार दिया गया, लेकिन विदेश मंत्री एस जयशंकर और मोदी सरकार डर के कारण अमेरिका से कोई सवाल नहीं पूछा. उन्होंने भाजपा पर तंज कसते हुए कहा कि अगर भारत की विदेश नीति इतनी मजबूत है, तो देश को 50 प्रतिशत टैरिफ का सामना क्यों करना पड़ा.
अमेरिका के दबाव में भारत ने छोड़ा चाबहार बंदरगाह
कांग्रेस नेता उदित राज ने चाबहार बंदरगाह का जिक्र करते हुए मोदी सरकार पर राष्ट्रपति ट्रंप के दबाव में काम करने का कथित आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि भारत ने चाबहार बंदरगाह में निवेश किया था, जो एक महत्वपूर्ण व्यापार मार्ग बन गया था, लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी से कहा ‘इसे छोड़ दो’ और भारत पीछे हट गया. इसी तरह भारत ईरान से तेल खरीदता था, लेकिन जब ट्रंप ने मना किया तो भारत ने खरीद बंद कर दिया.कांग्रेस नेता कहा कि यही मामला रूस के साथ भी हुआ और जब ट्रंप ने आपत्ति जताई तो भारत ने रूस से भी तेल खरीदना बंद कर दिया. उन्होंने कहा कि अब भारत की विदेश नीति का फैसला अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप कर रहे हैं.
