अब प्लेन से उड़कर पहुंचेगा NEET परीक्षा का पेपर, सरकार का नया प्लान

NEET UG 2026: NEET UG री-एग्जाम को पूरी तरह सुरक्षित बनाने के लिए दिल्ली में हाई लेवल मीटिंग हुई. इस बार क्वेश्चन पेपर हवाई जहाज से पहुंचाने का प्लान किया जा रहा है. इसमें इंडियन एयर फोर्स की भी मदद ली जाएगी.

By Shambhavi Shivani | May 29, 2026 10:08 AM

NEET UG 2026 पेपर लीक विवाद के बाद केंद्र सरकार इस बार परीक्षा की सुरक्षा को लेकर कोई रिस्क नहीं लेना चाहती. नीट री-एग्जाम 21 जून 2026 को आयोजित की जाएगी. परीक्षा सेंटर पर क्वेश्चन पेपर भारतीय वायुसेना (IAF) से पहुंचाए जाएंगे. सरकार और NTA इसे लेकर विचार कर रही है.

सुरक्षा को ध्यान में ली जाएगी एयरफोर्स की मदद

NEET UG री-एग्जाम को पूरी तरह सुरक्षित बनाने के लिए दिल्ली में एक हाई लेवल बैठक हुई. इस बैठक की अध्यक्षता रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने की, जबकि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधियाभी भी मौजूद थे.

सरकार का मानना है कि हवाई मार्ग से पेपर भेजने पर रास्ते में किसी भी तरह की चोरी, छेड़छाड़ या पेपर लीक की संभावना काफी कम हो सकती है. हालांकि अभी इस प्रस्ताव पर अंतिम फैसला नहीं हुआ है.

पीएम मोदी को दी जा रही हर अपडेट

इस पूरे प्लान को अंतिम मंजूरी के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने रखा जाएगा. बताया जा रहा है कि पीएम मोदी खुद NEET री-एग्जाम की तैयारियों पर नजर बनाए हुए हैं और उन्हें लगातार अपडेट दिए जा रहे हैं.

सिर्फ ट्रांसपोर्ट नहीं, पूरी सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा

बैठक में केवल प्रश्नपत्रों के ट्रांसपोर्ट पर ही चर्चा नहीं हुई, बल्कि पेपर सेटिंग, प्रिंटिंग, पैकिंग, स्टोरेज और परीक्षा केंद्रों तक सुरक्षा व्यवस्था के हर फेज की समीक्षा की गई. इस दौरान NTA के महानिदेशक अभिषेक सिंह समेत कई सीनियर ऑफिसर मौजूद रहे.

कैसे शुरू हुआ विवाद?

NEET-UG 2026 परीक्षा 3 मई को देशभर के 551 शहरों और विदेश के 14 केंद्रों पर आयोजित हुई थी. परीक्षा के बाद पेपर लीक और धांधली के आरोप सामने आए, जिसके बाद मामला बढ़ता गया. 12 मई को परीक्षा रद्द कर दी गई और 21 जून को दोबारा परीक्षा कराने का फैसला लिया. फिलहाल इस मामले की जांच CBI कर रही है.

यह भी पढ़ें- NEET UG विवाद पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, छात्रों की नजर फैसले पर