[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Education जर्मनी की मदद से शुरू हुआ था ये कॉलेज, आज भारत का No.1 संस्थान 

जर्मनी की मदद से शुरू हुआ था ये कॉलेज, आज भारत का No.1 संस्थान 

0
जर्मनी की मदद से शुरू हुआ था ये कॉलेज, आज भारत का No.1 संस्थान 
तीन स्टूडेंट कॉलेज के सामने बैठी हुई (एआई जेनरेटेड तस्वीर)

Best BTech College IIT Madras: आज के समय में भारत में एक से बढ़कर एक कॉलेज हैं. लेकिन एक समय था कि विभिन्न कोर्स के लिए गिने चुके कॉलेज ही थे. आज देश में करीब 23 IITs हैं. लेकिन शुरुआती दौर में इनकी संख्या बहुत कम थी. भारत का एक IIT ऐसा भी है, जिसकी स्थापना में जर्मनी में मदद की थी. हम बात कर रहे हैं आईआईटी मद्रास (IIT Madras) की.

Best BTech College IIT Madras: भारत का नंबर 1 इंजीनियरिंग कॉलेज

भारत में टॉप इंजीनियरिंग कॉलेज की लिस्ट में आईआईटी मद्रास (IIT Madras Top Engineering College) सबसे ऊपर है. इस कॉलेज को एनआईआरएफ रैंकिंग में नंबर 1 का स्थान मिला है. शुरुआती दौर में जो IITs शुरू किए गए, उनमें से आईआईटी मद्रास तीसरा है.

IIT Madras NIRF Ranking: आईआईटी मद्रास एनआईआरएफ रैंकिंग

आईआईटी मद्रास इंजीनियरिंग कोर्स में अपनी पढ़ाई के लिए जाना जाता है. NIRF Ranking 2025 के अनुसार, इस संस्थान की रैंकिंग (इंजीनियरिंग कैटेगरी) में नंबर 1 है. साथ ही ओवरऑल कैटेगरी में भी आईआईटी मद्रास नंबर 1 स्थान पर है. संस्थान ने पिछले 7 सालों से लगातार यह पोजिशन बनाए रखा है.

IIT Madras: कब हुई आईआईटी मद्रास की स्थापना?

आजादी के बाद साल 1956 में जर्मन सरकार ने भारत में इंजीनियरिंग के क्षेत्र में उच्च शिक्षा संस्थान की स्थापना के लिए तकनीकी सहायता की पेशकश की थी. मद्रास में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान की स्थापना के लिए पहला भारत-जर्मन समझौता 1959 में पश्चिम जर्मनी के बॉन में हस्ताक्षरित किया गया था.

प्रैक्टिकल लर्निंग का माहौल

संस्थान की खासियत यह है कि यहां रिसर्च-ओरिएंटेड पढ़ाई पर बेहद मजबूत फोकस है. स्टूडेंट्स को शुरुआत से ही प्रैक्टिकल लर्निंग, इनोवेशन और इंडस्ट्री-रेडी प्रोजेक्ट्स पर काम करने का मौका मिलता है. यहां के कई प्रोफेसर IEEE, ACM और INAE संगठनों से जुड़े हुए हैं. इससे छात्रों को न केवल ग्लोबल एक्सपोजर मिलता है बल्कि हाई-क्वालिटी गाइडेंस, इंडस्ट्री लिंक और रिसर्च पब्लिकेशन के बेहतरीन अवसर भी मिलते हैं.

IIT Madras Placement: आईआईटी मद्रास का प्लेसमेंट

प्लेसमेंट की बात करें 2025 के प्लेसमेंट सीजन में IIT मद्रास का दबदबा रहा. इस साल का प्लेसमेंट रिकॉर्ड तोड़ रहा, जिसमें पैकेज 4.3 करोड़ रुपये तक पहुंच गया. यह आंकड़ा बताता है कि यहां की अकादमिक क्वालिटी, रिसर्च स्ट्रेंथ और स्टूडेंट आउटपुट इंडस्ट्री में कितने उच्च स्तर पर आंके जाते हैं.

यह भी पढ़ें- आईआईटी आईएसएम में सेमीकंडक्टर रिफ्रेशर कोर्स शुरू, 12 दिन के कोर्स में 35 प्रतिभागी ले रहे हिस्सा

Previous article Bangles Design For Saree: साड़ी में आपका लुक दिखेगा ग्लैमरस, जब हाथों में पहनेंगी ये खूबसूरत चूड़ियां
Next article Poha Matar Cutlet: सर्दियों में मेहमानों को चाय के साथ सर्व करें पोहा मटर कटलेट, ऐसे बनाएं आसानी से
Avatar Of Shambhavi Shivani
शाम्भवी शिवानी डिजिटल मीडिया में पिछले 3 सालों से सक्रिय हैं और वर्तमान में प्रभात खबर की डिजिटल टीम के साथ एजुकेशन बीट पर काम कर रही हैं. शिक्षा और रोजगार से जुड़ी खबरों की समझ रखने वाली शाम्भवी एग्जाम, सरकारी नौकरी, रिजल्ट, करियर, एडमिशन और सक्सेस स्टोरी जैसे विषयों पर रिपोर्टिंग और फीचर राइटिंग करती हैं. सरल भाषा और जानकारी को व्यवस्थित तरीके से प्रस्तुत करना उनकी लेखन शैली की खासियत है. डिजिटल मीडिया में अपने करियर के दौरान शाम्भवी ने न्यूज़ हाट और राजस्थान पत्रिका जैसी संस्थाओं के साथ काम किया है. यहां उन्होंने एजुकेशन, युवा मुद्दों और ट्रेंडिंग विषयों पर कंटेंट तैयार किया. वर्तमान में प्रभात खबर के साथ जुड़कर वे खास तौर पर बोर्ड परीक्षा, प्रतियोगी परीक्षा, सरकारी नौकरी, करियर ऑप्शंस और प्रेरणादायक सक्सेस स्टोरीज पर काम कर रही हैं. शाम्भवी की रुचि सिर्फ पत्रकारिता तक सीमित नहीं है. उन्हें सिनेमा और साहित्य में भी गहरी दिलचस्पी है, जिसका असर उनकी लेखन शैली में भी देखने को मिलता है. वे तथ्यों के साथ भावनात्मक जुड़ाव और मानवीय पहलुओं को भी अपनी स्टोरीज में जगह देने की कोशिश करती हैं. पटना में जन्मीं शाम्भवी ने Patna University से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन किया है. इसके बाद Indira Gandhi National Open University (IGNOU) से पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की. पत्रकारिता और जनसंचार की पढ़ाई ने उन्हें न्यूज राइटिंग, डिजिटल कंटेंट और ऑडियंस बिहेवियर की बेहतर समझ दी है. डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लगातार बदलते ट्रेंड्स और रीडर्स की जरूरतों को समझते हुए शाम्भवी SEO-फ्रेंडली, इंफॉर्मेटिव और एंगेजिंग कंटेंट तैयार करने पर फोकस करती हैं. उनकी कोशिश रहती है कि पाठकों तक सही, उपयोगी और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाई जा सके.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel