[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Business Rules Change: रेलवे के नियम में बदलाव! 1 मार्च से वेटिंग टिकट पर स्लीपर या एसी कोच में सफर बंद

Rules Change: रेलवे के नियम में बदलाव! 1 मार्च से वेटिंग टिकट पर स्लीपर या एसी कोच में सफर बंद

0
Rules Change: रेलवे के नियम में बदलाव! 1 मार्च से वेटिंग टिकट पर स्लीपर या एसी कोच में सफर बंद
1 मार्च से नियमों में बदलाव हो जाएगा.

Rules Change: ट्रेन से सफर करने वालों के लिए एक जरूरी खबर है. वह यह है कि भारतीय रेलवे ने नियमों में बड़ा बदलाव कर दिया है. भारतीय रेलवे ने 1 मार्च 2025 से ट्रेन टिकट बुकिंग नियमों में बड़े बदलाव किए हैं. रेलवे के नए नियम के अनुसार, अब कोई भी यात्री वेटिंग टिकट पर स्लीपर या एसी कोच में सफर नहीं कर सकेंगे. ये बदलाव यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए किए गए हैं, जिससे बुकिंग प्रक्रिया अधिक कुशल हो सके और टिकट कन्फर्मेशन की संभावना बढ़े. आइए इन नए नियमों को विस्तार से समझते हैं.

एडवांस रिजर्वेशन पीरियड में बदलाव

  • अब टिकट बुकिंग की अवधि 120 दिनों से घटाकर 60 दिन कर दी गई है.
  • इस अवधि को घटाने से यात्रियों को अपनी यात्रा की योजना बनाने में आसानी होगी.
  • वेटिंग लिस्ट की समस्या कम होगी.
  • “नो-शो” यात्रियों की संख्या घटेगी, जिससे सीटों का सही आवंटन होगा.

वेटिंग टिकट पर नया नियम

  • अब वेटिंग टिकट केवल जनरल कोच में ही मान्य होगा. रिजर्वेशन कोच में वेटिंग टिकट वालों को यात्रा की अनुमति नहीं होगी.
  • अगर कोई वेटिंग टिकट के साथ एसी या स्लीपर कोच में यात्रा करता है, तो उसे जुर्माना भरना होगा.
  • एसी कोच में सफर करने पर 440 रुपये तक के जुर्माने के साथ अगले स्टेशन तक का किराया देना होगा.
  • स्लीपर कोच में सफर करने पर 250 तक के जुर्माने के साथ अगले स्टेशन तक का किराया लगेगा.

तत्काल टिकट बुकिंग के नए नियम

  • रेलवे ने तत्काल टिकट बुकिंग प्रक्रिया को भी बदला है.
  • एसी क्लास के टिकटों की बुकिंग सुबह 10 बजे से बुकिंग शुरू होगी.
  • नॉन एसी क्लास के टिकटों की बुकिंग सुबह 11 बजे से बुकिंग शुरू होगी.
  • टिकट बुकिंग की टाइमिंग में बदलाव से अंतिम समय पर यात्रा की योजना बनाने वालों को सुविधा मिलेगी.
  • कन्फर्म टिकट मिलने की संभावना बढ़ेगी.

रिफंड पॉलिसी में बड़ा बदलाव

  • अब यात्रियों को रिफंड केवल विशेष परिस्थितियों में ही मिलेगा. इसमें ट्रेन रद्द होने पर या ट्रेन 3 घंटे से अधिक देरी से चले, तो पैसे रिफंड होंगे. इस बदलाव से यात्रियों की असुविधा कम होगी और टिकट ब्लॉक करने की आदत पर रोक लगेगी.

एआई तकनीक से मिलेगी सीट

भारतीय रेलवे अब एआई तकनीक का इस्तेमाल कर सीटों का आवंटन करेगा. इससे यात्रियों का सफर बेहतर होगा और बुकिंग प्रक्रिया तेज होगी.

Premium Story: Mughal Harem Stories : मुगल हरम की औरतों ने मौत की परवाह किए बिना रात के अंधेरे में प्रेम को दिया अंजाम

विदेशी पर्यटकों के लिए विशेष सुविधा

विदेशी यात्रियों के लिए 365 दिन पहले तक टिकट बुक करने की सुविधा जारी रहेगी, ताकि वे अपनी लंबी यात्रा की योजना आसानी से बना सकें. इन नए नियमों से विदेशी पर्यटकों की यात्रा योजना बेहतर होगी. बुकिंग प्रक्रिया आसान और तेज होगी. सीटों का सही आवंटन संभव होगा.

इसे भी पढ़ें: शाहिद अफरीदी की पेंशन जानकर विनोद कांबली को जाएंगे भूल, जानें दोनों को कितना मिलता है पैसा

Disclaimer: शेयर बाजार से संबंधित किसी भी खरीद-बिक्री के लिए प्रभात खबर कोई सुझाव नहीं देता. हम बाजार से जुड़े विश्लेषण मार्केट एक्सपर्ट्स और ब्रोकिंग कंपनियों के हवाले से प्रकाशित करते हैं. लेकिन प्रमाणित विशेषज्ञों से परामर्श के बाद ही बाजार से जुड़े निर्णय करें.

Previous article कागजों में चल रहा टेंपो पड़ाव
Next article विस चुनाव से पूर्व जिला कांग्रेस ने किया संगठन का विस्तार, नयी कमेटी में जातीय समीकरण साधने की कोशिश
Avatar Of Kumarvishwat Sen
कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel