[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Technology ChatGPT की मदद से बंदे ने कम कराया ऑटो का किराया, AI को रिक्शावाले से कन्नड़ में करनी पड़ी चिक-चिक, बेंगलुरु का है मामला

ChatGPT की मदद से बंदे ने कम कराया ऑटो का किराया, AI को रिक्शावाले से कन्नड़ में करनी पड़ी चिक-चिक, बेंगलुरु का है मामला

0
ChatGPT की मदद से बंदे ने कम कराया ऑटो का किराया, AI को रिक्शावाले से कन्नड़ में करनी पड़ी चिक-चिक, बेंगलुरु का है मामला
ChatGPT Negotiate Auto Fare / Instagram

ChatGPT Negotiate Auto Fare: अब भाषा की रुकावट नहीं बनेगी जेब पर बोझ. बेंगलुरु में एक छात्र ने ऐसा कमाल कर दिखाया, जिसने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है. दरअसल, उसे कन्‍नड़ नहीं आती थी, लेकिन फिर भी उसने एक ऑटोवाले से किराया कम करवा लिया, वो भी ChatGPT की मदद से.

Voice ChatGPT बना भाषा का पुल

छात्र ने ChatGPT का वॉयस असिस्टेंट फीचर इस्तेमाल किया और उसे कहा कि वह ऑटो वाले से Kannada में बात करके ₹200 का किराया घटाकर ₹120 करवा दे. AI ने तुरंत स्थानीय भाषा में बात की और सफलतापूर्वक फेयर नेगोशिएट कर लिया.

ChatGPT Negotiate Auto Fare: यहां देखें वीडियो

ChatGPT Negotiate Auto Fare: लोग बोले – “AI ने सच में कमाल कर दिया”

यह पूरी घटना वीडियो में कैद हो गई, और सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल गई. यूजर्स ने कहा कि यह उदाहरण दिखाता है कि AI अब सिर्फ चैटबॉट नहीं रहा, बल्कि रियल लाइफ में भाषा की दीवारें तोड़ने वाला असली साथी बन चुका है.

ChatGPT Negotiate Auto Fare: टेक्नोलॉजी का पॉजिटिव यूज, अब हर कोई बन सकता है स्मार्ट

यह घटना उन लोगों के लिए भी प्रेरणा है जो नई जगह पर भाषा की वजह से परेशान हो जाते हैं. अब किसी भी लोकल भाषा में संवाद करना AI टूल्स की मदद से आसान हो चुका है, फिर चाहे वो Tamil हो, Kannada, या कोई और क्षेत्रीय भाषा.

यह भी पढ़ें: 17 डॉक्टर हुए फेल, ChatGPT ने सुलझाया 4 साल के बच्चे की बीमारी का रहस्य

यह भी पढ़ें: ChatGPT से “Please” और “Thank You” बोलना कितना महंगा पड़ता है OpenAI को?

यह भी पढ़ें: AI वाली लड़की ने उड़ाए होश! डेटिंग ऐप पर 2 घंटे में 2700+ लड़कों ने किया प्यार का इजहार

यह भी पढ़ें: देश में पहली AI टीचर की एंट्री! सरकारी स्कूल में बच्चों को पढ़ा रही ‘ईको’

यह भी पढ़ें: Sarvam AI: भारत का पहला AI मॉडल बनाएगी यह स्टार्टअप, सरकार से मिली 200 करोड़ रुपये की मदद

Previous article Bra Fat Exercises for Women: ब्रा फैट को कम करने के लिए करें ये असरदार एक्सरसाइज
Next article Pahalgam Terror Attack Toolkit: टूलकिट से हमला, पहलगाम बना आतंक की प्रयोगशाला
Avatar Of Rajeev Kumar
राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel