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Home पश्चिम-बंगाल कोलकाता ममता बनर्जी को कल्याण के अल्टीमेटम से कालीघाट में खलबली, टीएमसी नेता बोले- अभिषेक को चुनें या हमें

ममता बनर्जी को कल्याण के अल्टीमेटम से कालीघाट में खलबली, टीएमसी नेता बोले- अभिषेक को चुनें या हमें

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ममता बनर्जी को कल्याण के अल्टीमेटम से कालीघाट में खलबली, टीएमसी नेता बोले- अभिषेक को चुनें या हमें
ममता बनर्जी, अभिषेक बनर्जी और कल्याण बनर्जी.

Kalyan Banerjee Ultimatum To Mamata Banerjee: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में मिली करारी शिकस्त के बाद तृणमूल कांग्रेस (TMC) में बगावत की आग कालीघाट तक पहुंच गयी है. कोलकाता से दिल्ली तक मचे घमासान के बीच टीएमसी के सबसे कद्दावर और वरिष्ठ लोकसभा सांसदों में एक कल्याण बनर्जी (Kalyan Banerjee) ने पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) को अल्टीमेटम दे दिया है.

अभिषेक बनर्जी पर फूटा कल्याण का गुस्सा

कल्याण बनर्जी ने साफ-साफ कह दिया है कि अब पानी सिर से ऊपर जा चुका है. इसलिए दीदी को ओल्ड गार्ड (पुराने वफादार नेताओं) और अपने भतीजे अभिषेक बनर्जी (Abhishek Banerjee) के कॉरपोरेट सिंडिकेट में से किसी एक को चुनना होगा. यह पहला मौका है, जब पार्टी के किसी संस्थापक सदस्य ने सीधे-सीधे और सार्वजनिक रूप से अभिषेक बनर्जी के खिलाफ सीधा मोर्चा खोलकर ममता बनर्जी को अल्टीमेटम दिया है.

कल्याण बनर्जी के अल्टीमेटम की इनसाइड स्टोरी

कल्याण बनर्जी के इस तीखे रुख ने बंगाल विधानसभा से लेकर लोकसभा तक ममता बनर्जी को असहाय और अकेला कर दिया है. कल्याण लंबे समय से राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी और उनके रणनीतिकारों (I-PAC) का बचाव करते रहे थे. अभिषेक बनर्जी के अहंकार ने उन्हें टीएमसी से दूर जाने के लिए मजबूर कर दिया. इसके बाद वरिष्ठ नेता ने साफ कहा कि चुनाव में पार्टी की हार और सांसदों-विधायकों की बगावत के लिए अभिषेक बनर्जी की ‘कॉरपोरेट तानाशाही’ जिम्मेदार है.

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Kalyan Banerjee Ultimatum To Mamata Banerjee: आर-पार के मूड में ममता बनर्जी के वफादार

कल्याण बनर्जी का यह बयान तब आया है, जब टीएमसी के 20 लोकसभा सांसद और बंगाल के 64 विधायक बागी हो चुके हैं. सूत्र बता रहे हैं कि कल्याण बनर्जी की बगावत के पीछे दिल्ली की हालिया गुप्त गतिविधियां हैं. दिल्ली में ममता बनर्जी की सोनिया गांधी और अभिषेक बनर्जी कीराहुल गांधी से बैक-टू-बैक मुलाकातों तथा टीएमसी के कांग्रेस में संभावित विलय की खबरों से वरिष्ठ नेता बेहद खफा हैं. कल्याण बनर्जी का मानना है कि जिस कांग्रेस के खिलाफ लड़कर उन्होंने 28 साल तक खून-पसीना बहाया, आज अभिषेक बनर्जी खुद को बचाने के लिए पूरी पार्टी को उसी कांग्रेस के पास गिरवी रखने की कोशिश कर रहे हैं.

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महुआ मोईत्रा पूरी मजबूती से ममता और अभिषेक के साथ

महुआ मोईत्रा जैसी युवा नेता ममता बनर्जी और अभिषेक के बचाव में उतरकर बागी नेताओं को ‘कचरा’ बता रही हैं. कल्याण बनर्जी ने दीदी को अल्टीमेटम दे दिया है. इससे साफ हो गया है कि तृणमूल कांग्रेस अब ‘ममता के वफादार’ (ओल्ड गार्ड) बनाम ‘अभिषेक ब्रिगेड’ (न्यू गार्ड) में बंट चुकी है.

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