[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home पश्चिम-बंगाल कोलकाता 25,753 नियुक्तियों को अमान्य घोषित करने के खिलाफ याचिकाओं पर सुनवाई 15 को

25,753 नियुक्तियों को अमान्य घोषित करने के खिलाफ याचिकाओं पर सुनवाई 15 को

0
25,753 नियुक्तियों को अमान्य घोषित करने के खिलाफ याचिकाओं पर सुनवाई 15 को

नयी दिल्ली/कोलकाता. उच्चतम न्यायालय राज्य के सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में 25,753 शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों की नियुक्ति को अमान्य घोषित करने वाले कलकत्ता उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ दायर याचिकाओं पर बुधवार को सुनवाई करेगा. शीर्ष अदालत की वेबसाइट पर जारी वाद सूची के मुताबिक, 15 जनवरी को सुनवाई के लिए सूचीबद्ध मामलों में पश्चिम बंगाल का स्कूल भर्ती विवाद भी शामिल है. वाद सूची के अनुसार, प्रधान न्यायाधीश संजीव खन्ना और न्यायमूर्ति संजय कुमार की पीठ इस मामले पर सुनवाई करेगी. नियुक्तियों के खिलाफ कलकत्ता उच्च न्यायालय के अप्रैल 2024 के फैसले को चुनौती देने वाली कम से कम 124 याचिकाएं शीर्ष अदालत के समक्ष लंबित हैं. इनमें राज्य सरकार की ओर से दायर याचिका भी शामिल है. पिछले साल दिसंबर में इस मामले में दलीलें सुनते हुए उच्चतम न्यायालय ने राज्य सरकार से सवाल किया था कि उसने कथित तौर पर अवैध रूप से नियुक्त किये गये लोगों को हटाने के बजाय शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों के अतिरिक्त पद क्यों सृजित किये. शीर्ष अदालत ने राज्य के स्कूल सेवा आयोग (एसएससी) द्वारा की गयी नियुक्तियों के खिलाफ कलकत्ता उच्च न्यायालय के आदेश पर सात मई 2024 को रोक लगा दी थी. हालांकि, न्यायालय ने केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआइ) को मामले में अपनी जांच जारी रखने की अनुमति दी थी. शीर्ष अदालत ने कहा था कि उच्च न्यायालय के आदेश के तहत सीबीआइ जांच जारी रहेगी, लेकिन कोई कठोर कदम नहीं उठाया जायेगा. हालांकि, शीर्ष अदालत ने स्पष्ट किया था कि अगर वह इस निष्कर्ष पर पहुंचती है कि उच्च न्यायालय ने जिन शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों की नियुक्ति रद्द कर दी थी, उनकी भर्ती अवैध रूप से की गयी थी, तो इन कर्मचारियों को वेतन और अन्य परिलाभ लौटाने होंगे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel