कोलकाता. पूर्व मेदिनीपुर के भूपतिनगर में हुए विस्फोट की जांच के तहत राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआइए) ने मामले से जुड़े सुबीर माइति, मानस कुमार पारुआ, नव कुमार पांडा समेत तृणमूल कांग्रेस के आठ नेताओं व कार्यकर्ताओं को पूछताछ के लिए फिर तलब किया था. उन्हें शनिवार को न्यूटाउन स्थित एनआइए कार्यालय में सुबह 11 बजे से 12.30 बजे के बीच हाजिर होने का कहा गया था, लेकिन वे केंद्रीय जांच एजेंसी के कार्यालय में हाजिर नहीं हुए. इससे पहले भी गत गुरुवार को वे नोटिस के बावजूद एनआइए कार्यालय में उपस्थित नहीं हुए थे. गौरतलब है कि तीन दिसंबर, 2022 को भूपतिनगर के नाडुयाविला ग्राम में राज कुमार मान्ना की दो मंजिली इमारत में विस्फोट हुआ था. घटना में तीन लोग मारे गये थे. शुरू में राज्य पुलिस मामले की जांच कर रही थी. बाद में एनआइए ने जांच का जिम्मा ले लिया. वहीं, तृणमूल नेताओं व कार्यकर्ताओं को एनआइए द्वारा तलब किये जाने को लेकर पार्टी के प्रदेश महासचिव कुणाल घोष ने एक बार फिर आलोचना की. उन्होंने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा था कि पूर्व मेदिनीपुर में कांथी व तमलुक लोकसभा सीटों पर भगवा दल को हार का डर है, इसलिए अब केंद्र में सत्ता के बल पर एनआइए का सहारा लिया जा रहा है. उसका दुरुपयोग किया जा रहा है. उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि आखिर क्या कारण है कि लोकसभा चुनाव के ठीक पहले वर्ष 2022 के मामले को लेकर अचानक एनआइए सक्रिय हो गयी?