[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Rajya पश्चिम-बंगाल बंगाल में भाजपा का अस्तित्व 2026 तक बचे रहने पर संशय, बोले कुणाल घोष

बंगाल में भाजपा का अस्तित्व 2026 तक बचे रहने पर संशय, बोले कुणाल घोष

0
बंगाल में भाजपा का अस्तित्व 2026 तक बचे रहने पर संशय, बोले कुणाल घोष

संवाददाता, कोलकाता

इस बार लोकसभा चुनाव में राज्य में भाजपा का प्रदर्शन बेहतर नहीं रहा. भगवा दल को 12 सीटें ही मिल पायीं, जबकि इसके विपरीत पिछली बार हुए आम चुनाव की तुलना में तृणमूल कांग्रेस ने अच्छा प्रदर्शन करते हुए 29 सीटों पर जीत हासिल की.

अब, दोनों ही पार्टियों की नजर वर्ष 2026 में राज्य में होने वाले विधानसभा चुनाव पर है. विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष व भाजपा विधायक शुभेंदु अधिकारी ने हल्दिया में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान बंगाल में होने वाले अगले विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा था कि 2026 में बंगाल की सत्ता पर काबिज होने के लिए दो चीजें करनी होंगी. एक, पुलिस के हाथ से चुनाव कराने की शक्ति छीन ली जाये और दूसरी, वोट से पहले यहां के लोगों के भय को दूर करना होगा. भाजपा नेता अधिकारी के बयान को लेकर तृणमूल के पूर्व प्रदेश महासचिव कुणाल घोष ने तंज कसते हुए कहा है कि भाजपा अब जनता से अलग हो चुकी है, इसलिए भाजपा नेता अधिकारी हताशा में ये बातें कह रहे हैं. और वे (भाजपा) जो कर रहे हैं, वर्ष 2026 तक पश्चिम बंगाल भाजपा का अस्तित्व बचे रहने पर संशय है. ये बड़ा सवाल है! इस बार लोकसभा चुनाव में पश्चिम बंगाल में दूसरे राज्यों की तुलना में सबसे ज्यादा केंद्रीय बल तैनात किये गये थे. यहां सात चरणों में वोटिंग हुई. इसके बावजूद यहां भाजपा की सीटों की संख्या पिछली बार से छह कम हो गयी. ऐसे में बंगाल में भगवा दल की हालत को समझा जा सकता है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel