Rourkela News : सेल द्वारा संचालित इस्पात जनरल अस्पताल (आइजीएच) के निजीकरण और घटती स्वास्थ्य सेवाओं के विरोध में सोमवार को सीटू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष विष्णु मोहंती की अध्यक्षता में अस्पताल के सामने विरोध प्रदर्शन किया गया. सीटू ने बार-बार सुधार की मांग की, लेकिन आइजीएच में इलाज की गुणवत्ता में कोई सुधार नहीं हुआ है. अनुभवी डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल स्टाफ के सेवानिवृत्त होने के बाद रिक्त पदों पर नयी नियुक्तियां नहीं की गयी हैं. विरोध प्रदर्शन में विष्णु मोहंती ने राउरकेला के सभी इस्पात श्रमिकों, अस्थायी श्रमिकों और आम जनता से आइजीएच के निजीकरण के खिलाफ एकजुट होने की अपील की. इस अवसर पर प्रतिनिधिमंडल ने अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी जयंत आचार्य को ज्ञापन सौंपा और उसी की प्रति आरएसपी निदेशक, प्रभारी और सेल अध्यक्ष को भी दी गयी. महासचिव बसंत नायक, आरसीडब्ल्यूयू के महासचिव विमान मैती, श्रीमंत बेहरा, प्रदीप सेठी और अन्य नेताओं ने मुख्य संबोधनों में आइजीएच की बिगड़ती स्वास्थ्य सेवाओं के तत्काल सुधार की मांग की. सीटू ने चेतावनी दी है कि आइजीएच का निजीकरण होने पर इलाज महंगा हो जाएगा. उन्होंने अनुभवी डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल स्टाफ की नियुक्ति, आवश्यक दवाओं की उपलब्धता और सभी आवश्यक जांचों को तुरंत सुनिश्चित करने की मांग की. विरोध प्रदर्शन में एनएन पाणिग्राही, त्रिलोचन पात्रा, जेके साहू, पीके षाड़ंगी, अक्षय राउत, पीतांबर बेहरा और अन्य शामिल हुए.