[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home झारखण्ड सिमडेगा संत रविदास जयंती पर समानता, मानवता और भाईचारे का दिया संदेश

संत रविदास जयंती पर समानता, मानवता और भाईचारे का दिया संदेश

0
संत रविदास जयंती पर समानता, मानवता और भाईचारे का दिया संदेश

संत रविदास जयंती मनायी गयी सिमडेगा. शहर के हरिपुर में श्री संत गुरु रविदास जयंती समारोह श्रद्धा और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया. इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में समाजसेवी भरत प्रसाद एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में पवन जैन एवं अशोक जैन उपस्थित थे. कार्यक्रम का उदघाटन अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया. समारोह को संबोधित करते हुए भरत प्रसाद ने संत गुरु रविदास के जीवन और उनके विचारों पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि संत गुरु रविदास ने समाज को समानता, मानवता और भाईचारे का मार्ग दिखाया. उनके विचार आज भी प्रासंगिक हैं. एक समरस समाज के निर्माण के लिए सभी को उनके विचारों को अपने जीवन में अपनाने की आवश्यकता है. इस दौरान जब समिति के सदस्यों ने मुख्य अतिथि भारत प्रसाद को खास व्यक्ति बताया, तो उन्होंने अपने संबोधन में पूरी विनम्रता के साथ इसे स्वीकार करने से इनकार किया. उन्होंने कहा मैं कोई खास इंसान नहीं हूं, न ही कोई चमत्कार हूं. मैं भी यहीं का बच्चा हूं, आप सभी का ही बच्चा हूं. हम सब एक ही परिवार हैं. कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीणों एवं समाज के लोगों की उपस्थिति रही. आयोजन को सफल बनाने में स्थानीय समिति एवं ग्रामीणों की अहम भूमिका रही.

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel