SIR In Jharkhand: 30 जून से 29 जुलाई तक बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) घर-घर जाकर मतदाताओं को आंशिक रूप से भरे (प्री-फिल्ड) इन्यूमरेशन फॉर्म उपलब्ध कराएंगे और भरे हुए फॉर्म के साथ उनकी हाल की रंगीन फोटो भी लेंगे. झारखंड के करीब 1.63 करोड़ मौजूदा मतदाताओं को किसी तरह का दस्तावेज जमा नहीं करना होगा. उन्हें केवल प्री-फिल्ड फॉर्म का सत्यापन कर हस्ताक्षर के साथ जमा करना होगा. मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रविकुमार ने बताया कि बीएलओ ने मतदाताओं की स्वयं और पैतृक मैपिंग का पहला चरण पूरा कर लिया है. इसके आधार पर जिन मतदाताओं की मैपिंग सही पाई गई है, उन्हें दस्तावेज जमा करने की जरूरत नहीं होगी. केवल नवीनतम रंगीन फोटो और साइन किया हुआ फॉर्म देने के बाद उनका नाम प्रारूप और अंतिम मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा.
एसआइआर से संबंधित मुख्य बातें
हर मतदाता को भरना होगा फॉर्म: हर मतदाता को अनिवार्य रूप से इन्यूमरेशन फॉर्म भर कर बीएलओ को जमा करना होगा. बीएलओ द्वारा दस्तावेजों की मांग केवल उन्हीं मामलों में होगी, जहां मैपिंग नहीं हो पाई हो या रिकॉर्ड में विसंगति पाई गई हो. अनमैप्ड मतदाताओं को इन्यूमरेशन फॉर्म के साथ चुनाव आयोग द्वारा निर्धारित 11 दस्तावेजों में से कोई एक दस्तावेज जमा करना होगा. इआरओ इन्यूमरेशन फॉर्म के साथ उपलब्ध कराये गए दस्तावेजों के आधार पर मतदाता का सत्यापन कर उसे मतदाता सूची के ड्राफ्ट में शामिल करेंगे.
अस्थायी रूप से बाहर रहने वालों को आने की जरूरत नहीं: मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि प्रवासी श्रमिकों, राज्य से बाहर पढ़ाई कर रहे छात्रों और अस्थायी रूप से बाहर रहने वाले लोगों को केवल मैपिंग के लिए व्यक्तिगत रूप से आने की जरूरत नहीं है. उनके परिवार के सदस्य अथवा इसीआइनेट के माध्यम से भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है.
एक ही विधानसभा क्षेत्र में रह सकता है नाम: किसी भी व्यक्ति का नाम केवल एक विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में ही दर्ज हो सकता है. अगर किसी मतदाता का नाम दो स्थानों पर दर्ज है, तो उसे अपने सामान्य निवास वाले क्षेत्र में ही इन्यूमरेशन फॉर्म जमा करना होगा और दूसरे स्थान पर मिला फॉर्म बिना हस्ताक्षर लौटाना होगा.
पांच अगस्त को प्रकाशित होगी प्रारूप मतदाता सूची: निर्वाचन आयोग के निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार पांच अगस्त को प्रारूप मतदाता सूची प्रकाशित की जायेगी. इसके बाद पांच अगस्त से चार सितंबर तक दावा एवं आपत्ति दर्ज करने का अवसर मिलेगा.
नये मतदाताओं को भरना होगा फॉर्म-6: जो लोग पहली बार मतदाता सूची में नाम जुड़वाना चाहते हैं, उन्हें बीएलओ फॉर्म-6 उपलब्ध करायेंगे. फॉर्म-6 के साथ निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित 11 दस्तावेजों में से कोई एक दस्तावेज जमा करना होगा.
अनमैप्ड मतदाताओं को देने होंगे ये दस्तावेज: अनमैप्ड मतदाताओं को चुनाव आयोग द्वारा मान्य 11 दस्तावेजों में से एक देना होगा. ये दस्तावेज जन्म प्रमाण पत्र, पासपोर्ट, 10वीं कक्षा का प्रमाण पत्र, स्थायी निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर या राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) से संबंधित अभिलेख, सरकारी सेवा अभिलेख, भूमि या राजस्व अभिलेख, पारिवारिक वंशावली से संबंधित सरकारी अभिलेख, किसी सक्षम सरकारी प्राधिकारी द्वारा जारी पहचान या जन्म संबंधी प्रमाणित दस्तावेज हो सकते हैं.
विदेशी नागरिक तुरंत लौटाएं फॉर्म: विशेष गहन पुनरीक्षण केवल पात्र भारतीय नागरिकों के लिए है. अगर किसी विदेशी नागरिक अथवा भारतीय नागरिकता छोड़ चुके व्यक्ति को इन्यूमरेशन फॉर्म मिलता है, तो उसे बिना हस्ताक्षर किए तत्काल बीएलओ को वापस करना होगा.
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