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झारखंड में सबसे ज्यादा ठंड कब पड़ती है, किस साल और कहां जम गया था पानी?

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झारखंड में सबसे ज्यादा ठंड कब पड़ती है, किस साल और कहां जम गया था पानी?
झारखंड में पड़ती है कड़ाके की ठंड.

Jharkhand Weather|Coldest Year in Jharkhand| झारखंड में सबसे ज्यादा ठंड किस महीने में पड़ती है? सर्दियों के मौसम में झारखंड के किस हिस्से में कितना तापमान रहता है? पिछले 50 साल के दौरान झारखंड में सबसे ज्यादा ठंड कब पड़ी थी? किस शहर में तापमान 0 (शून्य) से नीचे चला गया था? आईए, आपके इन सभी सवालों का जवाब हम बताते हैं.

जनवरी के महीने में झारखंड में पड़ती है प्रचंड ठंड

आईएमडी (भारत मौसम विज्ञान विभाग) का रिकॉर्ड कहता है कि जनवरी के महीने में झारखंड में ठंड प्रचंड रहती है. न्यूनतम तापमान 10.3 डिग्री सेंटीग्रेड तक गिर जाता है. हालांकि, प्रदेश के उत्तरी भागों में यह 9 डिग्री, तो दक्षिणी भागों में 12 डिग्री सेंटीग्रेड तक होता है. सर्दी के मौसम में पश्चिमी विक्षोभ की वजह से ठंड बढ़ जाती है, क्योंकि तापमान काफी नीचे चला जाता है.

1966 में बोकारो में जम गया था पानी

ऐसी स्थिति में झारखंड के उत्तरी भाग में ऐसा भी वक्त आता है, जब न्यूनतम तापमान इतना नीचे चला जाता है कि पानी भी जम जाता है. ठंड के मौसम में कुछ जगहों पर शीतलहर का भी प्रकोप देखा जाता है. आईएमडी का रिकॉर्ड बताता है कि वर्ष 1966 में बोकारे में ऐसी स्थिति आई थी, जब तापमान शून्य से नीचे चला गया था.

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24 दिसंबर 1966 को बोकारो का न्यूनतम तापमान -0.3 डिग्री

इस रिकॉर्ड के मुताबिक, 24 दिसंबर 1966 को बोकारो स्थित मौसम केंद्र का तापमान -0.3 (शून्य से 0.3 डिग्री सेल्सियस कम) डिग्री हो गया था. मौसम विभाग का कहना है कि झारखंड के कई हिल स्टेशंस हैं, जहां ऐसी स्थिति आती है, लेकिन आमतौर पर शहरों में यह स्थिति नहीं देखी जाती.

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