अतिक्रमण हटाओ अभियान से बदला मंदिर प्रक्षेत्र का स्वरूप, पुनर्विकास की तैयारी तेज प्रभावित परिवारों में भविष्य को लेकर चिंता, दूसरे दिन भी जारी रही कार्रवाई रजरप्पा. रामगढ़ जिला प्रशासन ने रजरप्पा स्थित मां छिन्नमस्तिके मंदिर प्रक्षेत्र में दूसरे दिन भी अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया. यहां की 254 दुकानों को ध्वस्त कर जमींदोज कर दिया गया. शुक्रवार को चितरपुर सीओ दीपक मिंज के नेतृत्व में भैरवी नदी किनारे स्थित बचे अतिक्रमण, दुकानों और मलबे को जेसीबी व बुलडोजर से हटाया गया. पुलिस बल की निगरानी में चरणबद्ध तरीके से कार्रवाई की गयी. इस कार्रवाई के बाद रजरप्पा मंदिर परिसर का दृश्य पूरी तरह बदल गया है. जहां कभी दुकानों की लंबी कतार और श्रद्धालुओं की चहल-पहल रहती थी, वहां अब चारों ओर मलबा ही मलबा नजर आ रहा है. झारखंड सहित कई राज्यों से पहुंचे श्रद्धालु इस बदले हुए दृश्य को देख कर हैरान रह गये. दुकानों के हट जाने से उन्हें धूप में बिना छाया के रहना पड़ा. पानी, प्रसाद और अन्य जरूरी सामान के लिए भी उन्हें दूर तक भटकना पड़ा. गर्मी के कारण हालात और कठिन हो गये. धूप से परेशान होकर दो महिलाएं और एक बच्चा चक्कर खा कर गिर गये. इससे कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया. श्रद्धालुओं को तत्काल स्थानीय लोगों की मदद से संभाला गया. इस कार्रवाई का सबसे अधिक असर उन छोटे दुकानदारों पर पड़ा है, जिनकी रोजी-रोटी पूरी तरह इन दुकानों पर निर्भर थी. उषा देवी पिछले 20 वर्षों से अपने पति के साथ फूल-प्रसाद की दुकान चला रही थी. वह आज धूप में छाता लेकर सिंदूर बेचती नजर आयी. उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई से उनके परिवार के भरण-पोषण के साथ-साथ बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो जायेगी. श्रद्धालुओं व पर्यटकों के लिए बेहतर सुविधाएं मिलेंगी : सीओ : सीओ दीपक मिंज ने बताया कि हाई कोर्ट के निर्देश के तहत रजरप्पा मंदिर प्रक्षेत्र में प्रस्तावित पुनर्विकास योजना को लागू करने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है. उन्होंने कहा कि आने वाले समय में मंदिर क्षेत्र को सुव्यवस्थित किया जायेगा. श्रद्धालुओं व पर्यटकों के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित की जायेंगी. रोजी-रोटी छिनी, अब सहारा सिर्फ पुनर्वास दूसरे दिन भी कई दुकानदार अपने उजड़े व्यवसाय को देखने पहुंचे. रजरप्पा मंदिर परिसर सर्वांगीण विकास ट्रस्ट के अध्यक्ष कुलदीप साव, जयचंद महतो, कुणाल खन्ना, दिलीप साव, चरका यादव, सोनू खन्ना, शिवशंकर साव, मिंटू यादव और शंकर साव मलबे के बीच खड़े होकर अपने भविष्य को लेकर चिंतित नजर आये. अध्यक्ष श्री साव ने कहा कि सभी दुकानदारों ने न्यायालय के आदेश का सम्मान करते हुए प्रशासन की कार्रवाई में पूरा सहयोग किया है. अब प्रशासन को प्रभावित लोगों के पुनर्वास के लिए ठोस और शीघ्र कदम उठाना चाहिए.