[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home झारखण्ड पलामू प्रशासनिक तानाशाही के विरोध में सड़क पर उतरेंगे झारखंड के मनरेगा कर्मी

प्रशासनिक तानाशाही के विरोध में सड़क पर उतरेंगे झारखंड के मनरेगा कर्मी

0
प्रशासनिक तानाशाही के विरोध में सड़क पर उतरेंगे झारखंड के मनरेगा कर्मी

प्रतिनिधि, मेदिनीनगर झारखंड राज्य के मनरेगा कर्मी अपनी लंबित मांगों-ग्रेड पे आधारित मानदेय, स्थायी समायोजन एवं सामाजिक सुरक्षा को लेकर बीते 12 मार्च 2026 से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं. इस गतिरोध को समाप्त करने के लिए संघ के प्रतिनिधिमंडल ने 21 मई को ग्रामीण विकास मंत्री से मुलाकात की थी. इसके बाद 13-14 मई को मनरेगा आयुक्त और पुनः 25 मई को ग्रामीण विकास विभाग के सचिव की अध्यक्षता में विस्तृत वार्ता हुई. इस उच्च स्तरीय बैठक में क्षेत्रीय कर्मियों को ग्रेड पे आधारित मानदेय में शामिल करने, हड़ताल अवधि का भुगतान करने, मृत कर्मियों के आश्रितों को जिला स्तर पर सृजित पदों की नियुक्ति में वरीयता देने और मुख्यमंत्री अबुआ स्वास्थ्य सुरक्षा योजना से आच्छादित करने पर सहमति बनी थी. विभाग के द्वारा जो सहमति पत्र तैयार किया गया है उसके मसौदे से कर्मचारियों में रोष है. संघ का आरोप है कि विभाग की मंशा साफ नही है. मनरेगा कर्मियों ने कहा कि विभागीय स्तर पर वार्ता का विकल्प समाप्त हो गया है. मुख्यमंत्री के साथ बातचीत कर सकारात्मक समाधान ही एक मात्र रास्ता है. कर्मियों का कहना है कि पूर्व के आंदोलनों में दूसरे ही दिन जारी होने वाले ऐसे पत्र इस बार 76 दिनों बाद जारी हुए हैं, जो विभाग के बैकफुट पर होने का प्रमाण है. झारखंड राज्य मनरेगा कर्मचारी संघ ने प्रखंड से लेकर प्रदेश स्तर तक सरकार के खिलाफ व्यापक जनआंदोलन शुरू किया है. इसके तहत प्रत्येक जिले में प्रतिदिन कर्मियों द्वारा धरना प्रदर्शन किया जायेगा. एक जून से ग्रामीण विकास मंत्री का आवास घेराव किया जायेगा. पांच दिनों तक धरना प्रदर्शन होगा. आंदोलन के अगले चरण में पुराने विधानसभा से प्रोजेक्ट भवन तक आक्रोश मार्च निकलेगा और सीएम को ज्ञापन सौंपा जायेगा.

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel