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Home झारखण्ड पाकुड़ संताल परगना में महिला उत्पीड़न के मामलों में कमी, पर यौन हिंसा बनी बड़ी चुनौती

संताल परगना में महिला उत्पीड़न के मामलों में कमी, पर यौन हिंसा बनी बड़ी चुनौती

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संताल परगना में महिला उत्पीड़न के मामलों में कमी, पर यौन हिंसा बनी बड़ी चुनौती

2024 में दुष्कर्म के मामलों में 33.18% की हुई वृद्धि

सानू दत्ता, पाकुड़. संताल परगना प्रमंडल में महिला उत्पीड़न के मामलों में बीते तीन वर्षों में आंशिक सुधार देखा गया है. स्टेट क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (एससीआरबी) के अनुसार, वर्ष 2022 में जहां 1452 मामले दर्ज किए गए थे, वहीं 2023 में यह संख्या घटकर 1140 रह गई. वर्ष 2024 में इसमें और मामूली गिरावट आई और 1086 मामले सामने आए. इस प्रकार तीन वर्षों में कुल 25.26 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है. हालांकि, यौन हिंसा और जबरन अपहरण जैसे गंभीर अपराधों की प्रवृत्ति अभी भी बनी हुई है. वर्ष 2022 से 2023 के बीच बलात्कार के मामलों में 28.85 प्रतिशत की कमी आई थी, लेकिन 2024 में इनमें 33.18 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई, जो महिला सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता का विषय है. वहीं, अपहरण के मामलों में कोई खास उतार-चढ़ाव नहीं दिखा. वर्ष 2023 और 2024 में यह आंकड़ा लगभग स्थिर रहा और हर माह औसतन 28 से 30 महिलाएं या किशोरियां अपहरण का शिकार हुईं.

देवघर में सबसे अधिक महिला उत्पीड़न के मामले दर्ज

साल 2024 में संथाल परगना के छह जिलों में सबसे अधिक महिला उत्पीड़न के मामले देवघर जिले में दर्ज किए गए हैं. देवघर के विभिन्न थानों में कुल 241 मामले सामने आए, यानी हर महीने औसतन 20 मामले दर्ज हुए. इसके बाद गोड्डा में 226, साहिबगंज में 222, जामताड़ा में 143, दुमका में 143 और पाकुड़ में 140 मामले दर्ज हुए हैं.

साहिबगंज में हर माह औसतन सात से अधिक दुष्कर्म के मामले

साहिबगंज जिले में वर्ष 2024 में दुष्कर्म के कुल 86 मामले दर्ज किए गए, जिससे स्पष्ट है कि हर माह औसतन सात से अधिक महिलाएं यौन हिंसा का शिकार हुईं. इसके अलावा दुमका में 47, गोड्डा में 43, पाकुड़ में 40 और जामताड़ा में 32 यौन हिंसा के मामले दर्ज किए गए. यह आंकड़े दिखाते हैं कि हालांकि महिला उत्पीड़न के कुल मामलों में कुछ कमी आई है, लेकिन गंभीर अपराधों की स्थिति अब भी चिंताजनक बनी हुई है.

वर्षवार कुल महिला उत्पीड़न के मामले

वर्ष कुल मामले बलात्कार अपहरण

2022 1452 305 353

2023 1140 217 340

2024 1086 289 343

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जिलावार साल 2024 में हुए महिला उत्पीड़न के मामले

जिला बलात्कार अपहरण छेड़खानी दहेज हत्या दहेज प्रताड़ना

दुमका 47 39 28 07 22

गोड्डा 43 93 49 02 39

जामताड़ा 32 31 20 02 29

देवघर 41 103 52 11 34

साहिबगंज 86 43 19 05 69

पाकुड़ 40 34 17 02 47

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संथाल परगना में महिला उत्पीड़न मामले में औसतन कमी

2022 से 2023 में 21.52

2023 से 2024 में 4.73

तीन वर्षों में कुल कमी 25.26

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डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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