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Home झारखण्ड पाकुड़ अनामांकित छह हजार बच्चों को स्कूल वापस लाने का लक्ष्य निर्धारित

अनामांकित छह हजार बच्चों को स्कूल वापस लाने का लक्ष्य निर्धारित

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अनामांकित छह हजार बच्चों को स्कूल वापस लाने का लक्ष्य निर्धारित

पाकुड़ नगर. शहर के रवींद्र भवन टाउन हॉल में गुरुवार को स्कूल रूआर (बैक टू स्कूल) कार्यक्रम के तहत एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यशाला का शुभारंभ उप विकास आयुक्त मो इश्तियाक अहमद, परियोजना निदेशक आइटीडीए अरुण कुमार एक्का, अपर समाहर्ता जेम्स सुरीन, डीइओ नयन कुमार ने संयुक्त रूप से किया. कार्यशाला में बताया गया कि जिले में 05 से 18 आयु वर्ग के लगभग छह हजार बच्चों को चिह्नित किया गया है. वैसे सभी बच्चों को जोड़ने के लिए है स्कूल रूआर कार्यक्रम चलाया जा रहा है. उप विकास आयुक्त ने कहा कि शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने के लिए सभी के सहयोग की आवश्यकता है. एक भी बच्चा नामांकन से वंचित न रहने पायें. उन्होंने कहा कि शिक्षा समाज की नींव है, ये समाज में बदलाव लाने का कार्य करता है. उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग से प्रखंड स्तर और विद्यालय स्तर में स्कूल रूआर के सभी गतिविधियों को सफल बनाया जा सकता है. बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए सभी जनप्रतिनिधियों का सहयोग अपेक्षित है. डीइओ ने कहा कि वे बच्चे जो विद्यालय छोड़ चुके हैं, उन्हें वापस लाने एवं उन्हें शिक्षित करना रूआर कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य है. उन्होंने कहा कि रूआर का मतलब वापस आओ होता है. विद्यालय में अनामांकित पांच से 18 आयु वर्ग के सभी बच्चों को हमें विद्यालय वापस लाना है. इसके अलावा कक्षा एक से 11 में नामांकित सभी बच्चों को अगली कक्षा में नामांकन सुनिश्चित कराना है. वहीं नामांकित सभी बच्चों का विद्यालय में उपस्थिति भी सुनिश्चित कराना है. उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम 18 जुलाई से लेकर 03 अगस्त तक चलाया जायेगा, जिसमें शिक्षक बाल पंजी का अद्यतीकरण व विद्यालय से बाहर के बच्चों को सूचीबद्ध करेंगे. वहीं सभी शिक्षक, कर्मी व पदाधिकारी स्कूल रूआर के तहत कार्य योजना को पूर्ण करेंगे. इस अवसर पर सभी पंचायतों के मुखिया, एडीपीओ जयेंद्र मिश्रा, सभी संकुल, प्रखंड साधन सेवी, प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी, प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी, क्षेत्र शिक्षा पदाधिकारी, समग्र शिक्षा पाकुड़ के सभी पदाधिकारी मौजूद थे.

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