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खूंटा तालाब का नहीं हुआ जीर्णोद्धार

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खूंटा तालाब का नहीं हुआ जीर्णोद्धार

कैरो. अमृत सरोवर योजना के तहत जिले में 22 जुलाई 2022 को जिले के सभी प्रखंडों में कुल 39 नये तालाब का निर्माण व जीर्णोद्धार का शिलान्यास किया गया था. जिला भूमि संरक्षण कार्यालय को 25 तालाब, जिला योजना कार्यालय को 10 तालाब जलछाजन कार्यालय को 8 जिला मत्स्य कार्यालय को 2 तालाब समेत कुल 45 तालाब का निर्माण व जीर्णोद्धार का लक्ष्य प्राप्त था. जिसमें सेन्हा में जलछाजन कार्यालय के तीन, भंडरा के कचमची में जिला मत्स्य कार्यालय द्वारा दो तालाब को छोड़ कर 39 स्थानों पर जिले के वरीय पदाधिकारी के द्वारा 22 जुलाई 2022 को शिलान्यास किया गया था. जिसमे कैरो प्रखंड मुख्यालय स्थित जोड़ा तालाब के खुटा तालाब का भी शिलान्यास किया गया था. वहीं प्रखंड क्षेत्र में कई नये तालाब का खुदाई जलछाजन से किया गया है. परंतु प्रखंड मुख्यालय का जीवंत तालाब का शिलान्यास हुए एक वर्ष से अधिक हो चुका है, पर आज तक तालाब पर कार्य प्रारंभ नहीं किया गया है. कैरो का खुटा तालाब ऐतिहासिक तालाब है. इस तालाब का निर्माण 16वीं शताब्दी में बौद्ध भिक्षुओं के आगमन के पश्चात किया गया था. जहां गांव के लोग नहाने, कपड़ा धोने, मवेशियों को पानी पिलाने सहित दैनिक कार्यों में पानी उपयोग करते थे. आज तालाब देख रेख के अभाव में खरपतवार ,जलकुंभी थेथर आदि से भरा पड़ा है. पानी की मात्र भी काफी कम है. तालाब सूखने के कागार पर है. तालाब जीर्णोद्धार का शिलान्यास हुआ, तो ग्रामवासियों को एक आस जगी थी, कि कोटा तालाब फिर वही रूप में आयेगा और लोगों को नहाने धोने मवेशियों को पानी पिलाने तथा सिंचाई के लिए सुविधा होगी. खुटा तालाब के जीर्णोद्धार के बाद गांव में जलस्तर की भी समस्या दूर होगी. परंतु कार्य नहीं होने से ग्रामीण इस बात से दुखी है कि खूंटा तालाब भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया.

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