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डोर टू डोर पहुंचकर खिलायी जा रही एल्बेंडाजोल की दवा

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डोर टू डोर पहुंचकर खिलायी जा रही एल्बेंडाजोल की दवा

सेन्हा़ झारखंड सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय के निर्देश पर फाइलेरिया उन्मूलन अभियान के तहत प्रखंड क्षेत्र में दवा वितरण अभियान चलाया जा रहा है. सिविल सर्जन के निर्देशानुसार 10 फरवरी से स्वास्थ्य सहिया और आंगनबाड़ी सेविकाएं घर-घर जाकर एल्बेंडाजोल की दवा खिला रही हैं. यह अभियान 25 फरवरी तक चलेगा. समय पर दवा के सेवन से इस बीमारी की रोकथाम संभव : स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा लोगों को फाइलेरिया से बचाव और इसके लक्षणों की जानकारी दी जा रही है. बताया गया कि परजीवी मच्छरों के काटने से यह बीमारी होती है, जिसके लक्षण कई वर्षों बाद सामने आते हैं. समय पर दवा के सेवन से इस बीमारी की रोकथाम संभव है. फाइलेरिया के गंभीर मामलों में पैर सूजकर हाथीपांव जैसी स्थिति हो सकती है तथा हाइड्रोसिल भी बढ़ सकता है. संक्रमित व्यक्ति को लगातार सात वर्षों तक दवा लेने की सलाह दी जाती है. स्वास्थ्य सहिया और आंगनबाड़ी सेविकाओं द्वारा लोगों को जागरूक करते हुए फाइलेरिया बीमारी से बचाव के बारे में जानकारी दी गयी. प्रखंड के सभी गांवों में स्वास्थ्य सहिया, आंगनबाड़ी सेविकाएं और स्वास्थ्यकर्मी अभियान में जुटे हैं. मौके पर स्वास्थ्य सहिया शकुंतला, मालती देवी, एमपीडब्ल्यू अनुज सिन्हा, गंदूर उरांव, मंसूर अंसारी, विनय कुमार सहित अन्य कर्मी उपस्थित थे.

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