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Home झारखण्ड लातेहार बगैर जांच के ही बनाया गया प्राक्कलन

बगैर जांच के ही बनाया गया प्राक्कलन

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बगैर जांच के ही बनाया गया प्राक्कलन

फोटो : 16 चांद 1 : ऐसे ही सिर्फ पुताई कर पैसे निकालने का काम जारी.

अरशद आजमी

बारियातू. शिक्षा विभाग द्वारा नित्य नये-नये कारनामे सामने आते रहते हैं. ताजा मामला प्रखंड में संचालित कुल 68 मध्य विद्यालय, उत्क्रमित मध्य विद्यालय, प्राथमिक विद्यालय व उत्क्रमित प्राथमिक विद्यालय के रसोई घर की मरम्मती से जुड़ा है. इन दिनों उक्त विद्यालय की रसोईघर मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति की जा रही है. सरकारी राशि की बंदरबांट का इससे बेहतर नमूना नहीं मिल सकता.

68 विद्यालय में 47 लाख रुपये से होना है मरम्मत कार्य

विभाग की पहल पर प्रखंड के कुल 68 विद्यालय में करीब 47 लाख रुपये की लागत से रसोई घर का मरम्मती कार्य होना है. मजे की बात यह है कि कई विद्यालय ऐसे है जहां रसोई घर में मरम्मत की कोई जरूरत ही नहीं थी. बावजूद सूची उठाकर विद्यालय का नाम अंकित कर दिया गया है. मरम्मत के पूर्व ना तो रसोइघर की अद्यतन स्थिति का जायजा लिया गया, और ना ही विद्यालय प्रबंधन समिति को कोई जानकारी दी गयी. यह स्पष्ट रूप से प्राक्कलन घोटाला है. अब सिर्फ एक बोरी सीमेंट व एक बोरी बालू में मरम्मत कर रंगाई-पुताई कर पैसे निकालने का काम जारी है. काम कराने वाले लोगों ने कहा कि कार्य किस विभाग द्वारा व कितने राशि की लागत से हो रहा है. इसकी जानकारी हमें नहीं है. विभाग के जेई कृष्णा राम द्वारा कार्य कराये जाने की बात कहते है. जिन विद्यालयों में मरम्मती कार्य पूर्ण हो गया है, ऐसे कई विद्यालय के लोगों ने बताया कि हमारे यहां रसोईघर बिल्कुल ठीकठाक था. मरम्मती के नाम पर रंग-रोगन किया गया है.

कहां कितना प्राक्कलन

उप्रावि खैराही में 105421 रुपये की लागत से मरम्मती कार्य कराया गया है. जबकि इतने में एक नया कमरा बन कर तैयार हो जायेगा. इसके अलावे कटहल टोला में 95436 रूपये, कटईटोला में 105624 रूपये, करमाही मे 105642 रूपये, करमटांड में 87264 रूपये, हलमत्ता में 84262, गुरूवे में 86425, गुरूसाल्वे में 82400, गोपालपुर में 84200, गोनिया मेें 84150, गोलीटांड़ में 83250, गोखलाबागी में 84202, गढ़वाटांड़ में 86205 रूपये समेत कुल 68 विद्वालय में मरम्मत कार्य के लिये राशि आवंटित की गयी है. कुछ विद्यालय के लोगों की माने तो विभाग द्वारा तैयार किया गया प्राक्कलन कार्य से दस गुणा अधिक है.

क्या कहते है अधिकारी

इस संबंध में प्रभारी बीइइओ नरेंद्र सिंह ने बताया कि विद्यालय के रसोईघर की मरम्मती कार्य किस विभाग से और कौन करा रहे है. मुझे इसकी कोई जानकारी नहीं है.जांचकर प्राक्कलन के अनुसार कार्य कराया जायेगा. विभाग के जेई बिनोद उरांव ने बताया कि शिक्षा विभाग द्वारा कार्य कराया जा रहा है. यह अभी अधूरा है, कई रसोईघर में टाइल्स भी लगाना है.

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