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Home झारखण्ड जामताड़ा कराम पूजा में दिखी संताली परंपरा व संस्कृति

कराम पूजा में दिखी संताली परंपरा व संस्कृति

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कराम पूजा में दिखी संताली परंपरा व संस्कृति

फतेहपुर. प्रखंड की बनारनाचा पंचायत अंतर्गत दुमा गांव में संथाल समुदाय की ओर से पारंपरिक आस्था और उल्लास के साथ सामूहिक काराम पूजा की गयी. गांव में उत्सव का माहौल दिखा. महिला-पुरुषों ने विधि-विधान से काराम देवता की पूजा-अर्चना की. सामाजिक कार्यकर्ता सुरेश सोरेन ने बताया कि काराम पूजा संताल समुदाय की प्रमुख पारंपरिक पूजा है, जो प्रकृति, भाईचारे और सुख-समृद्धि की कामना से जुड़ी हुई है. पूजा के दौरान काराम डाल की स्थापना कर गीत-संगीत, नृत्य और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ पूजा संपन्न की गयी. सामूहिक आयोजन में ग्राम प्रधान धानेश्वर सोरेन की विशेष उपस्थिति रही. सोनालाल मुर्मू, टेबो सोरेन, भावेश सोरेन, निर्मल सोरेन, लेदा सोरेन, आशुतोष सोरेन, हरिलाल बेसरा, रूपलाल मुर्मू, अमरेश सोरेन, कामेश्वर टुडू, पुलिश्वर हेंब्रम, बलदेव सोरेन, मोहन मरांडी, उमेश मुर्मू, आकाश सोरेन सहित अन्य ग्रामीणों ने आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. पूजा के बाद प्रसाद वितरण किया गया और पारंपरिक नृत्य-गीत के माध्यम से समुदाय की सांस्कृतिक विरासत को जीवंत किया गया. ग्रामीणों ने ऐसे सामूहिक आयोजनों को आपसी एकता, संस्कृति संरक्षण और सामाजिक सौहार्द के लिए आवश्यक बताया.

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