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Home झारखण्ड जमशेदपुर पार्वती घाट : गैस आधारित शवदाह संस्कार संयंत्र जनता को समर्पित

पार्वती घाट : गैस आधारित शवदाह संस्कार संयंत्र जनता को समर्पित

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जमशेदपुर . बिष्टुपुर पार्वती घाट में शव के अंतिम संस्कार के लिए लकड़ियों और इलेक्ट्रिक पर निर्भरता खत्म हो गयी है. सोमवार से श्मशानघाट में एलपीजी गैस से शव का दाह संस्कार होगा. रविवार को शांति भवन, गैस आधारित शवदाह संस्कार संयंत्र का उद्घाटन आरती और नारियल फोड़ अश्विन अडेसरा, बीके स्टील के विशाल यादव और रमेश अग्रवाला ने किया. इस मौके पर पार्वती घाट समिति के अध्यक्ष दीपक पंचमिया, सचिव दीपेंद्र कुमार भट्ट, कोषाध्यक्ष हर्षद शाह, उपाध्यक्ष नलिन गोयल, अमित पारीख, सज्जन देबुका, संजीव सहगल, दिलीप गोयल, दीपक अडेसरा आदि लोग मौजूद थे. इसके शुरू होने से जहां लकड़ियों की जरूरत कम होगी, वहीं प्रदूषण भी कम फैलेगा. पार्वती घाट अब देश के उन गिने-चुने श्मशानों में से एक हो गया है, जहां दाह संस्कार के लिए लकड़ी, बिजली और गैस से चलने वाली सुविधाएं भी उपलब्ध हैं.

यूपीआइ से कर सकते है पार्वती घाट पर भुगतान

पार्वती घाट में अब लोग यूपीआइ के माध्यम से भी भुगतान कर सकते हैं. यह सुविधा शुरू कर दी गयी है. हर साल दाह संस्कार की संख्या में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो रही है. पिछले चार सालों में दाह संस्कार की संख्या: 2500, 3000, 3600, 4000 रही. जो हर साल 20% की वृद्धि है.

हर साल 1 मई को मनाया जायेगा पार्वती घाट दिवस

पार्वती घाट समिति अब हर साल 1 मई को पार्वती घाट दिवस मनायेगी. इस दिन 1932 में पहले लकड़ी के शवदाह गृह का उद्घाटन किया गया था. इसके अलावा परिसर में शक्ति स्तंभ उद्यान तैयार किया जा रहा है. यहां घाट को मदद करने वालों की याद में एक पार्क तैयार किया जा रहा है. इसमें समिति के संरक्षक इंदर अग्रवाल और सुदिसा और जमीपोल के सुमित अग्रवाल की अहम भूमिका है. अमृत धारा के तहत पीने के लिए प्रवीण इंजीनियरिंग वर्क्स के प्रवीण भाई पारिख की ओर से नया पेयजल का निर्माण कराया जा रहा है. देव आत्म उद्यान शिशु श्मशान भूमि के तहत समिति की ओर से आने वाले समय में शिशुओं के अंतिम संस्कार के लिए पार्क तैयार किया जायेगा. इसके अलावा पार्किंग का विस्तार होगा. साल 2012 से पार्वती घाट में चल रही विकास योजनाएं

– 2012 प्रोजेक्ट हरिवर्तन लांच, मंदिर का जीर्णोद्धार

– 2013 से 2015 के बीच चारदीवारी निर्माण

– 2013 गार्ड रूम का जीर्णोद्धार, शौचालय का निर्माण

– 2015 मुख्य प्रतीक्षालय का जीर्णोद्धार

– 2016 अस्थि बैंक गठित

– 2017 : समिति कार्यालय भवन का निर्माण

– 2022 – मुख्य द्वार का जीर्णोद्धार

– 2022 – नदी किनारे की चारदीवारी पैतकर शैली में रंग-रोगन

– 2022 – शांति कुटीर में नये लकड़ी के शवदाह गृह का उद्घाटन

– 2023 – नयी लैंडस्केप पार्किंग का उद्घाटन, मुख्य हॉल के सामने पोर्टिको, सभी रिकॉर्ड डिजिटल किये गये

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