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jamshedpur news : महिला सशक्तीकरण और आधुनिक खेती से बढ़ेगी आय : अमरेंद्र प्रताप

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jamshedpur news : महिला सशक्तीकरण और आधुनिक खेती से बढ़ेगी आय : अमरेंद्र प्रताप
जमशेदपुर (फाइल फोटो)

पंचम राज्य वित्त आयोग की समीक्षा बैठक में पंचायतों को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर

jamshedpur news :

पंचम राज्य वित्त आयोग, झारखंड के अध्यक्ष अमरेंद्र प्रताप सिंह ने शनिवार को पूर्वी सिंहभूम जिले का परिभ्रमण किया. इस दौरान उन्होंने समाहरणालय और जिला परिषद सभागार में मैराथन बैठकें कीं. बैठक में मुख्य रूप से उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी, जिला परिषद अध्यक्ष बारी मुर्मू, उपाध्यक्ष पंकज और उप-विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान समेत कई जिला स्तरीय पदाधिकारी मौजूद रहे. आयोग ने जेएसएलपीएस, मनरेगा और जिला परिषद की योजनाओं की बारीकी से समीक्षा की और पंचायतों को सशक्त बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिये. विशेषकर महिला सशक्तीकरण और आधुनिक खेती से ग्रामीणों की आय बढ़ाने की बात कही.

अध्यक्ष ने जेएसएलपीएस की समीक्षा के दौरान कहा कि महिलाओं के आर्थिक सशक्तीकरण और आजीविका संवर्धन के लिए सखी मंडल सबसे प्रभावी माध्यम हैं. उन्होंने निर्देश दिया कि अधिक से अधिक महिलाओं को समूहों से जोड़कर उन्हें उनकी रुचि के अनुसार स्वरोजगार उपलब्ध कराया जाये. समूह की महिलाओं को केसीसी (किसान क्रेडिट कार्ड) और अन्य ऋण योजनाओं का लाभ समय पर मिलना चाहिए. उन्होंने जोर दिया कि कोई भी महिला सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे.

किसानों की आय बढ़ाने पर चर्चा करते हुए अध्यक्ष ने आधुनिक तकनीक और बाजार आधारित खेती अपनाने का सुझाव दिया. उन्होंने कहा कि जिले के किसान आम की बागवानी के साथ ””इंटर क्रॉपिंग”” (अंतर्वर्ती खेती) पर ध्यान दें. उन्नत किस्म के अनार, शरीफा, अमरूद और चीकू की बागवानी यहां बेहतर विकल्प साबित हो सकती है. साथ ही मशरूम उत्पादन, पशुपालन और पारंपरिक कला से जुड़े उत्पादों की ब्रांडिंग और पैकेजिंग कर बाजार उपलब्ध कराने का निर्देश दिया, ताकि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल सके.

पंचायती राज संस्थाओं का सुदृढ़ीकरण जरूरी

जिला परिषद सभागार में निर्वाचित प्रतिनिधियों के साथ बैठक करते हुए अध्यक्ष ने कहा कि आयोग का मुख्य उद्देश्य त्रिस्तरीय पंचायती राज व्यवस्था को सुदृढ़ करना है. पंचायतों को संसाधन और शक्तियां हस्तांतरित करने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे आम नागरिकों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करें और सरकारी योजनाओं में पंचायतों की भूमिका सुनिश्चित करें. उन्होंने पंचायतों में नियमित रूप से समितियों की बैठक आयोजित करने और उनकी प्रभावी मॉनिटरिंग करने की बात कही.

आय बढ़ाने के लिए क्यूआर कोड से होगी रेंट वसूली

जिला परिषद की आंतरिक आय के स्रोतों में वृद्धि पर विमर्श करते हुए अध्यक्ष ने उपलब्ध संसाधनों के बेहतर रखरखाव का निर्देश दिया. परिषद की दुकानों का रेंट फिक्सेशन करने और क्यूआर कोड के माध्यम से डिजिटल रेंट वसूली शुरू करने का निर्देश दिया गया. साथ ही बाजार हाट और सैरातों की बंदोबस्ती विभागीय नियमों के तहत करने को कहा गया.

जनप्रतिनिधियों ने रखीं अपनी मांगें

बैठक में जिला परिषद सदस्यों ने मानदेय में वृद्धि और पिछले दो वर्षों से रुके हुए फंड को रिलीज करने की मांग रखी. सदस्यों ने प्रस्तावित योजनाओं की स्वीकृति दिलाने और डीएमएफटी फंड की अनुशंसा में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने का आग्रह किया. सदस्यों ने परिषद को नए आंतरिक संसाधन बनाने के लिए वैधानिक अधिकार देने की बात भी प्रमुखता से उठायी. बैठक में ग्रामीण विकास विभाग के पदाधिकारी एवं कर्मी मुख्य रूप से उपस्थित थे.

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