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Home झारखण्ड जमशेदपुर झारखंड को मिली बड़ी सफलता, एआई-बेस्ड ब्लड शुगर टेस्ट डिवाइस को मिला पेटेंट 

झारखंड को मिली बड़ी सफलता, एआई-बेस्ड ब्लड शुगर टेस्ट डिवाइस को मिला पेटेंट 

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झारखंड को मिली बड़ी सफलता, एआई-बेस्ड ब्लड शुगर टेस्ट डिवाइस को मिला पेटेंट 
डॉ. शोभित रंजन

जमशेदपुर से संदीप कुमार की रिपोर्ट 

Jamshedpur News: कोल्हान विश्वविद्यालय के पीजी जूलॉजी विभाग के डॉ. शोभित रंजन और उनकी टीम के एक इनोवेशन को भारत सरकार के पेटेंट कार्यालय ने मान्यता दे दी है. टीम द्वारा विकसित किये गये एआइ-बेस्ड ब्लड शुगर टेस्ट डिवाइस को आधिकारिक तौर पर डिजाइन पेटेंट प्रमाणपत्र दिया गया है. चिकित्सा तकनीक के क्षेत्र में विश्वविद्यालय की इस सफलता ने पूरे राज्य का मान बढ़ाया है. यह प्रतिष्ठित प्रमाणपत्र डिजाइन एक्ट 2000 और डिजाइन नियमावली 2001 के कड़े मानकों के अंतर्गत जारी किया गया है.

क्या है एआइ डिवाइस की खासियत ?

यह अत्याधुनिक डिवाइस पूरी तरह से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की तकनीक पर आधारित है. इसका मुख्य उद्देश्य ब्लड शुगर की जांच प्रक्रिया को पहले से कहीं अधिक सटीक, सरल, किफायती और प्रभावी बनाना है. स्वास्थ्य तकनीक और मेडिकल अनुसंधान के क्षेत्र में इस डिवाइस को एक बड़ा गेम चेंजर माना जा रहा है, जिससे आने वाले समय में आम मरीजों को बेहद आसान तरीके से शुगर जांच की सुविधा मिल सकेगी.

इन दिग्गजों की टीम ने रचा इतिहास

इस तकनीकी विकास में कई शोधकर्ताओं का सामूहिक योगदान रहा है. इसमें डॉ. शोभित रंजन की नेतृत्व वाली इस टीम में मुख्य रूप डॉ. बेन सुजीथा बी, चंद्रकांत हट्टी, शनमुघा प्रिया आरके, आरएसआर थेनमोझी, राहुल वर्मा, रमेश दहल और डॉ लोकेंद्र बहादुर कठायत हैं.

यह अकादमिक उत्कृष्टता की नई मिसाल : कुलपति

इस शानदार राष्ट्रीय गौरव पर कोल्हान विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. (डॉ.) अंजिला गुप्ता ने डॉ. शोभित रंजन और उनकी पूरी टीम को राजभवन और विश्वविद्यालय परिवार की ओर से हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी. कुलपति ने कहा कि यह उपलब्धि विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों और युवा शिक्षकों के लिए अत्यंत प्रेरणा देने वाला है. यह पेटेंट साबित करता है कि कोल्हान विश्वविद्यालय अब केवल पारंपरिक शिक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्लोबल स्तर के रिसर्च, इनोवेशन और एकेडमिक उत्कृष्टता को बढ़ावा दे रहा है.

भविष्य के समाजोपयोगी अनुसंधान को मिलेगी नई दिशा : डॉ. शोभित

भारत सरकार से पेटेंट प्रमाणपत्र मिलने पर खुशी जाहिर करते हुए डॉ. शोभित रंजन और उनकी टीम ने कहा कि यह सम्मान उनके वर्षों की मेहनत का परिणाम है. इस पेटेंट से टीम का हौसला बढ़ा है और यह उपलब्धि भविष्य में समाज के काम आने वाली सस्ती और सुलभ तकनीकों के विकास तथा अनुसंधान कार्यों को एक नयी दिशा और ऊर्जा प्रदान करेगी.

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