रामनवमी में हजारीबाग में बजेगा डीजे, विधायक प्रदीप प्रसाद का विधानसभा में विरोध

Hazaribagh News: हजारीबाग के विधायक प्रदीप प्रसाद ने रामनवमी शोभायात्रा में डीजे बजाने पर रोक के खिलाफ झारखंड विधानसभा परिसर में विरोध जताया. उन्होंने कहा कि यह फैसला धार्मिक परंपराओं और आस्था के खिलाफ है. साथ ही हजारीबाग के इंटरनेशनल चैत्र रामनवमी महोत्सव को राजकीय महोत्सव का दर्जा देने की मांग भी उठाई. इससे संबंधित पूरी खबर नीचे पढ़ें.

By KumarVishwat Sen | March 11, 2026 2:10 PM

हजारीबाग से जयनारायण की रिपोर्ट

Hazaribagh News: झारखंड में हजारीबाग के विधायक प्रदीप प्रसाद ने पवित्र पर्व रामनवमी के अवसर पर शोभा यात्रा में डीजे बजाने पर लगाए गए प्रतिबंध को लेकर झारखंड सरकार के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया. इस निर्णय को धार्मिक परंपराओं और जनता की आस्था के विरुद्ध बताते हुए उन्होंने झारखंड विधानसभा परिसर में सदन के बाहर धरना देकर अपना विरोध प्रकट किया.

हजारीबाग की रामनवमी पूरे देश में प्रसिद्ध

विधायक प्रदीप प्रसाद ने कहा कि रामनवमी केवल एक पर्व नहीं, बल्कि करोड़ों हिंदुओं की गहरी आस्था और सांस्कृतिक परंपरा का प्रतीक है. विशेष रूप से हजारीबाग की रामनवमी पूरे देश में अपनी भव्यता, अनुशासन और ऐतिहासिक परंपरा के लिए जानी जाती है. हर वर्ष यहां निकलने वाले भव्य शोभा यात्रा में लाखों की संख्या में श्रद्धालु भाग लेते हैं और पूरा शहर भक्ति, उत्साह और सांस्कृतिक रंगों से सराबोर हो जाता है.

डीजे बजाने पर रोक लगाना अनुचित

उन्होंने कहा कि ऐसे पावन अवसर पर डीजे बजाने पर रोक लगाना न केवल अनुचित है, बल्कि यह सीधे-सीधे लोगों की धार्मिक भावनाओं और परंपराओं के साथ खिलवाड़ है. विधायक ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार हिंदू पर्वों और परंपराओं के साथ भेदभावपूर्ण रवैया अपना रही है, जिसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जा सकता.

रामनवमी को राजकीय महोत्सव का मिलेगा दर्जा

प्रदीप प्रसाद ने यह भी मांग की कि हजारीबाग में आयोजित होने वाले ख्याति प्राप्त इंटरनेशनल श्री चैत्र रामनवमी महोत्सव को राज्य सरकार की ओर से राजकीय महोत्सव का दर्जा दिया जाए. साथ ही, उन्होंने सरकार और प्रशासन से आग्रह किया कि रामनवमी के जुलूसों में परंपरा के अनुरूप डीजे बजाने की अनुमति प्रदान की जाए, ताकि श्रद्धालु अपनी आस्था के अनुसार उत्सव मना सकें.

इसे भी पढ़ें: साइकिल से विधानसभा पहुंचे झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ इरफान अंसारी, गैस-तेल संकट का विरोध

सांस्कृतिक परंपराओं का सम्मान जरूरी

विधायक ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रशासन को जनता की धार्मिक भावनाओं और सांस्कृतिक परंपराओं का सम्मान करना चाहिए और इस फैसले पर तत्काल पुनर्विचार करना चाहिए. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रशासन इस निर्णय पर पुनर्विचार नहीं करता है, तब भी हजारीबाग में रामनवमी के अवसर पर परंपरा के अनुसार डीजे बजाया जाएगा. उन्होंने कहा कि रामनवमी का पर्व सामाजिक एकता, सांस्कृतिक गौरव और धार्मिक आस्था का प्रतीक है और इस पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक प्रतिबंध स्वीकार नहीं किया जाएगा.

इसे भी पढ़ें: जगन्नाथ धाम पुरी के लिए निकला संतों का जत्था, खरसावां के हरिभंजा जगन्नाथ मंदिर में दर्शन