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Home झारखण्ड गिरिडीह कील चुभोकर खंभा पर झूले भोक्ता, नंगे पैर आग पर चले

कील चुभोकर खंभा पर झूले भोक्ता, नंगे पैर आग पर चले

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कील चुभोकर खंभा पर झूले भोक्ता, नंगे पैर आग पर चले

पीरटांड़. पालगंज पंचायत स्थित महादेवमंडा शिव मंदिर में सोमवार को बिशुआ सह भोक्ता पर्व धूमधाम से मनाया गया. इस पर्व की शुरुआत पालगंज राजा के समय से ही हुई है. परंपरा के अनुसार फूल ढराई में पहला फूल राज परिवार के सदस्य देते हैं. रात में भक्तों ने आग पर नंगे पांव चल कर भोलेनाथ को अपनी भक्ति का एहसा कराया. भक्तों ने पीठ पर कील चुभोकर कर खंभे में झूलते हुए आस्था दिखायी. श्रद्धालुओं ने जयकारा लगाया. वहीं, महिलाओं ने भी खंभे के नीचे पूजा-पाठ कर भक्तों को सही सलामत रखने की कामना की. इस दौरान मेला में काफी संख्या में ग्रामीण उपस्थित हुए. दो दिवसीय बिशुआ मेला में भोक्ता प्रथम दिन शिव भगवान की पूजा करते हैं. साथ ही अपने परंपरा के अनुसार पाठ भोक्तिया की भी पूजा की जा ती है. नहाय खाय के साथ खरना व अंतिम दिन आग पर चलकर भक्ति का प्रदर्शन किया जाता है. अंत में भोक्ता पीठ में कील चुभो कर लकड़ी के खंभा में पर झूलते हैं. इस दौरान भक्त शिव की जयकारा लगाते हैं. इसके पूर्व रविवार की रात जागरण का भी आयोजन हुआ. सफल बनाने में रामप्रसाद महतो, राजू सिंह, शंकर राय, बादल कुमार, शंभु राय, कृष्ण कुमार, दिनेश महतो आदि ने योगदान दिया.

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