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चौथी क्लास का छात्र भटका, चिकित्सक के पास सुरक्षित

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चौथी क्लास का छात्र भटका, चिकित्सक के पास सुरक्षित

डंडई प्रखंड में कार्यरत आयुष चिकित्सा पदाधिकारी डॉ कुमुद रंजन को एक चौथी क्लास का भटका हुआ छात्र मिला है. वह अपना स्पष्ट पता नहीं बता पा रहा है. डॉ कुमुद ने बताया कि जब वह डंडई से गढ़वा लौट रहे थे, तो डंडई बाना मार्ग पर चिलचिलाती धूप में वह लड़का सड़क पर खड़ा था. उसने उन्हें रोका. यह पूछने पर कि उसे कहां जाना है, उसने बताया कि उसे रेजो जाना है. उसने अपना नाम रजनीश साव, पिता का नाम ललन साव और गांव का नाम करूई बताया. उसने बताया कि वह पाराडाइज स्कूल में चौथी कक्षा में पढ़ता है. और मेराल उसका फुआ का घर है. उसने कहा कि उसके पिता ने उसे मारा था. इसलिए वह बिना किसी को बताये भाग गया. उसके चाचा का नाम उपेंद्र, विक्की और मुकेश है. इधर चिकित्सक ने जब रेजो गांव पहुंचकर उसे उतरने को कहा कि तुम्हारा गांव आ गया, तो उसने कहा कि यह उसका गांव नहीं है. तब डॉ कुमुद रंजन उसे अपने साथ गढ़वा स्थित अपने घर ले आये और खाना खिलाया. लड़का उन्हीं के पास सुरक्षित है. इधर गढ़वा आने के बाद उक्त लड़के ने अपना घर लवाही डंडई बताया. इसके बाद चिकित्सक ने डंडई प्रखंड के लवाही में उसके परिजनों की जानकारी लेकर खबर भिजवायी है कि वे आकर अपने बच्चे को ले जायें. समाचार लिखे जाने तक बच्चे के परिजनों की सूचना नहीं मिली थी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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