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Home झारखण्ड पूर्वी सिंहभूम East Singhbhum News : 50 हजार पंजीकृत मजदूर, रोज 2000 को काम

East Singhbhum News : 50 हजार पंजीकृत मजदूर, रोज 2000 को काम

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East Singhbhum News : 50 हजार पंजीकृत मजदूर, रोज 2000 को काम

घाटशिला.

घाटशिला प्रखंड की 22 पंचायतों में सोमवार को मनरेगा दिवस मनाया गया. इस बीच जमीनी हकीकत चिंताजनक है. विभागीय आंकड़ों और धरातल की स्थिति में बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है. प्रखंड में करीब 50 हजार पंजीकृत मजदूर हैं, लेकिन सक्रिय रूप से केवल 14 हजार बचे हैं. मजदूरों में कई का निधन हो चुका है, तो कई पलायन कर गये हैं या काम छोड़ चुके हैं.

कछुए की चाल से चल रहीं योजनाएं

प्रखंड में प्रतिदिन औसतन केवल 2 हजार मजदूर काम पर लग रहे हैं. कई पंचायतों में जॉब कार्ड है, लेकिन कार्य बंद पड़े हैं. वर्तमान में अधिकतर मजदूर मनरेगा के मुख्य कार्यों के बजाय अबुआ आवास और जनमन आवास योजनाओं में व्यस्त हैं.

बकाया मानदेय और तकनीकी बाधाएं

मनरेगा की सुस्त रफ्तार का एक बड़ा कारण कर्मचारियों का असंतोष भी है. रोजगार सेवकों और अन्य कर्मियों का अक्तूबर से (पिछले चार माह से) मानदेय बकाया है. इसके अलावा, समय पर मजदूरी न मिलना मजदूरों के मोहभंग का बड़ा कारण है. हालांकि, हाल में मजदूरी समय पर आने की बात कही जा रही है. बीपीआरओ जेपी पंडित ने स्वीकार किया कि कार्य की गति वर्तमान में संतोषजनक नहीं है. उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार की नयी बीजीआर योजना का नोटिफिकेशन जारी नहीं होने के कारण आगे की योजनाओं पर असर पड़ रहा है. हालांकि, वर्तमान में प्रखंड में कुल 3500 योजनाओं पर काम चलने का दावा किया गया है.

पंचायतों की स्थिति

काड़ाडूबा पंचायत :

बालाम गांव में मनरेगा दिवस मनाया गया. मुखिया माही हांसदा ने बताया कि यहां 1000 पंजीकृत मजदूरों में से करीब 150 प्रतिदिन काम कर रहे हैं. यहां पौधरोपण और सिंचाई कूप जैसी 350 योजनाएं संचालित हैं.

भादुआ पंचायत :

यहां खेती और धान कटनी के कारण कार्यों की गति धीमी रही. पंचायत सचिव जयंत भकत के अनुसार, 800 सक्रिय मजदूरों में से लगभग 120 रोजाना काम पर आ रहे हैं.

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