Dhanbad News: मानपुर-शरमाटांड़ रेलखंड पर ‘कवच’ प्रणाली के साथ ट्रेनों का परिचालन शुरू

Dhanbad News: पूर्व-मध्य रेल में पहली बार इस रूट पर शुरू की गयी प्रणाली, हेड ऑन कोलिजन टेस्ट भी अधिकारियों ने किया

By OM PRAKASH RAWANI | January 31, 2026 2:01 AM

Dhanbad News: पूर्व-मध्य रेल में पहली बार इस रूट पर शुरू की गयी प्रणाली, हेड ऑन कोलिजन टेस्ट भी अधिकारियों ने किया

Dhanbad News: पूर्व-मध्य रेलवे संरक्षा व सुरक्षा के लिए निरंतर नयी तकनीकों का उपयोग करता रहता है. इसी क्रम में ट्रेनों के सुरक्षित परिचालन के लिए शुक्रवार को डीडीयू-प्रधानखांटा रेलखंड के 93.3 किमी लंबे मानपुर-शरमाटांड़ रेलखंड पर ‘कवच’ प्रणाली चालू की गयी. अब इस रेलखंड पर कवच के साथ ट्रेनों का परिचालन शुरू हो गया है. पहली ट्रेन 13305 सासाराम इंटरसिटी कवच युक्त सुरक्षा फीचर्स के साथ सुबह शरमाटांड़ स्टेशन से प्रस्थान कर मानपुर स्टेशन तक चलायी गयी. इस दौरान हेड ऑन कोलिजन टेस्ट भी किया गया, जिसमें ट्रेन 4259 मीटर की दूरी पर रुक गयी. ज्ञात हो कि पूर्व मध्य रेलवे के 4238 रूट किमी पर कवच लगाया जाना है. इसमें लगभग 417 रूट किमी लंबा पं. दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन-मानपुर–प्रधानखांटा रेलखंड दिल्ली-हावड़ा रेलखंड का एक महत्वपूर्ण और व्यस्त हिस्सा है.

टक्कर रोधी तकनीक है कवच, दुर्घटना रोकने में सक्षम

‘कवच’ एक टक्कर रोधी तकनीक है, जो माइक्रोप्रोसेसर, जीपीएस और रेडियो संचार पर आधारित है. यह विभिन्न प्रकार की टक्करों की रोकथाम में सक्षम है. यह प्रौद्योगिकी रेलवे को शून्य दुर्घटनाओं के साथ अपने लक्ष्य को प्राप्त करने में मदद करेगी. यह प्रौद्योगिकी माइक्रो प्रोसेसर, ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम और रेडियो संचार के माध्यमों से जुड़ा रहता है. जैसे ही यह तकनीक एक निश्चित दूरी के भीतर उसी ट्रैक में दूसरी ट्रेन का पता लगाती है, तो ट्रेन के इंजन में लगे उपकरण के माध्यम से निरंतर सचेत करते हुए स्वचालित ब्रेक लगाने में सक्षम है. कवच प्रणाली मौजूदा सिग्नलिंग सिस्टम के साथ संपर्क बनाये रखता है तथा इसकी जानकारी परिचालन से जुड़े प्राधिकृत व्यक्तियों को निरंतर साझा करता रहता है. यह प्रणाली किसी भी आपात स्थिति में स्टेशन एवं लोको ड्राइवर को तत्काल कार्रवाई के लिए सचेत करने, साइड-टक्कर, आमने-सामने की टक्कर एवं पीछे से होने वाली टक्करों की रोकथाम करने में पूर्णतः सक्षम है.