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Home झारखण्ड धनबाद Dhanbad News: मुख्यमंत्री स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार के लिए राज्य स्तरीय टीम करेगी स्कूलों का मूल्यांकन

Dhanbad News: मुख्यमंत्री स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार के लिए राज्य स्तरीय टीम करेगी स्कूलों का मूल्यांकन

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Dhanbad News: मुख्यमंत्री स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार के लिए राज्य स्तरीय टीम करेगी स्कूलों का मूल्यांकन

Dhanbad News: राज्य में स्वच्छ एवं सुरक्षित विद्यालयों के लिए मुख्यमंत्री स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार (एमएसवीपी) देने की पहल की जा रही है. इससे उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यालयों को प्रोत्साहन के साथ-साथ वित्तीय लाभ मिल सके. इसके तहत शौचालयों की उपयोगिता, स्वच्छ पेयजल, हैंडवॉश की सुविधा, स्वच्छता से जुड़े व्यवहार परिवर्तन, मासिक धर्म प्रबंधन, विद्यालय सुरक्षा एवं संरचना, जल संरक्षण, इको क्लब की सक्रियता तथा जलवायु परिवर्तन जैसे मापदंडों को मूल्यांकन का हिस्सा बनाया गया है.

जिला स्तर पर मूल्यांकन व सत्यापन का काम पूरा

एमएसवीपी 2025-26 के साथ स्वच्छ एवं हरित विद्यालय रेटिंग कार्यक्रम – एसएचवीआर (भारत सरकार की योजना) भी संचालित है. दोनों कार्यक्रम एक ही प्रकार के हैं. इसमें विद्यालयों का स्व-मूल्यांकन तथा सत्यापन का कार्य जिला स्तर पर पूरा कर लिया गया है. पुरस्कार चयन प्रक्रिया को पारदर्शी, निष्पक्ष एवं समयबद्ध रूप से संचालित करने के लिए सभी जिला में जिला स्तरीय पुरस्कार समिति के माध्यम से विद्यालयों का चयन किया जाना है. इसमें प्रत्येक जिले से मुख्यमंत्री स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार के लिए 11 विद्यालय एवं स्वच्छ एवं हरित विद्यालय रेटिंग के लिए आठ विद्यालयों का चयन किया जाना है.

राज्य स्तरीय टीम करेगी विद्यालयों का भ्रमण

एमएसवीपी एवं स्वच्छ व हरित विद्यालय रेटिंग के तहत प्राप्त आवेदनों की जांच, मानकों के अनुरूप मूल्यांकन, फील्ड सत्यापन, विद्यालयों का चयन एवं अंतिम अनुशंसा राज्य स्तर पर की जायेगी. दोनों कार्यक्रमों के लिए सभी चयनित विद्यालयों की जांच की जायेगी. कार्यक्रम के अनुश्रवण के लिए झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद द्वारा पदाधिकारियों, कर्मियों, गैर-सरकारी संस्थान के प्रतिनिधियों, डायट के संकाय सदस्यों को 24 जिलों में भ्रमण का निर्देश दिया गया है. इसके लिए सभी जिलों को पत्र निर्गत किया गया है. 24 पदाधिकारियों के नेतृत्व में 72 गैर-सरकारी संस्थान के प्रतिनिधियों/डायट के संकाय सदस्यों को 15 दिसंबर तक चयनित विद्यालयों की जांच करते हुए संबंधित कार्यक्रमों के पोर्टल के माध्यम से विद्यालयों को अंतिम रूप से रेटिंग देने का निर्देश दिया गया है. इसके आधार पर राज्य स्तरीय पुरस्कार के लिए विद्यालयों का चयन किया जायेगा.

फाइव स्टार रेटिंग वाले विद्यालयों की अनुशंसा करेंगे पदाधिकारी

जारी निर्देश कहा गया है कि भ्रमण के दौरान सभी पदाधिकारी अपने जिले से उन विद्यालयों का प्रस्ताव (नॉमिनेशन) भेजेंगे, जो फाइव स्टार रेटिंग में हो और राज्य स्तर पर पुरस्कृत होने के योग्य हो. चयनित विद्यालयों की वास्तविक ग्रेडिंग उक्त संचालित कार्यक्रमों के पोर्टल पर तत्काल अंकित की जाये. पदाधिकारियों को राज्य स्तर पर पुरस्कृत किए जाने योग्य उत्कृष्ट विद्यालयों की पहचान कर, उनका एक विस्तृत प्रेजेंटेशन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है.

हैबिटेशन मैपिंग की वस्तुस्थिति की जांच होगी

छह दिसंबर तक डहर 2.0 पोर्टल के माध्यम से सभी शिक्षकों को हैबिटेशन मैपिंग का कार्य पूर्ण करने का निर्देश दिया गया था. पदाधिकारी उक्त कार्यक्रमों के अलावा जिलों के भ्रमण के दौरान हैबिटेशन मैपिंग की वस्तुस्थिति की भी जांच करेंगे. साथ ही इससे संबंधित रिपोर्ट भी राज्य कार्यालय को उपलब्ध करायेंगे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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