[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home झारखण्ड देवघर वैक्टर जनित रोगों के उन्मूलन हेतु बीमारी के लक्षणों के त्वरित पहचान व इलाज पर जोर

वैक्टर जनित रोगों के उन्मूलन हेतु बीमारी के लक्षणों के त्वरित पहचान व इलाज पर जोर

0
वैक्टर जनित रोगों के उन्मूलन हेतु बीमारी के लक्षणों के त्वरित पहचान व इलाज पर जोर

संवाददाता, देवघर . जिला भीबीडी पदाधिकारी डॉ अभय कुमार यादव की अध्यक्षता में शुक्रवार को राष्ट्रीय वैक्टर जनित रोग नियंत्रण केंद्र अंतर्गत भीबीडी कार्यक्रम से संबंधित एक दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन सदर अस्पताल सभागार में आयोजित किया गया, जिसमें जिले के सभी एमपीडब्ल्यू व प्रत्येक सीएचसी व शहरी क्षेत्र से दो-दो बीटीटी को यह प्रशिक्षण दिया गया. भीबीडी पदाधिकारी ने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों का स्वागत किया और कार्यक्रम का उद्घाटन किया गया. सभी कर्मियों को वैक्टर जनित रोगों के उन्मूलन हेतु सार्थक प्रयास करने के साथ रोगों के लक्षणों के आधार पर त्वरित पहचान व त्वरित इलाज हेतु विभिन्न उपायों के साथ लक्ष्य को पूरा करने हेतु बताया गया. वैक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत विभिन्न रोगों जैसे मलेरिया, फाइलेरिया, डेंगू, चिकनगुनियां, जापानीज इंस्फेलाइटीस, जिका वायरस व कालाजार जो क्रमशः संक्रमित मच्छर व बालू मक्खी के काटने से फैलती है के पहचान व इलाज के बार में पीपीटी के माध्यम से विस्तार से बताया गया. अंत में सभी को वैक्टर जनित रोगों की पहचान व रोकथाम के साथ जांच व इलाज करने, दवा की खुराक और छिड़काव में प्रयुक्त होने वाले रसायनों के बारे में बताते हुए मच्छरदानी के वितरण व इसके रिकॉर्ड संधारण हेतु विस्तार से जानकारी दी गयी. मौके पर राज्य भीबीडी सलाहकार नीलम कुमार, जिला भीडीबी सलाहकार डॉ गणेश कुमार यादव,आइडीपीएस डॉ मनीष शेखर,.जिला कार्यक्रम प्रबंधक समरेश सिंह, जिला लेखा प्रबंधक ब्रजेश कुमार झा, जिला कार्यक्रम समन्वयक प्रवीण कुमार सिंह आदि मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel