[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home झारखण्ड देवघर साधनारत स्वामी भाष्कर आरण्य से सांसद ने लिया आशीर्वाद

साधनारत स्वामी भाष्कर आरण्य से सांसद ने लिया आशीर्वाद

0
साधनारत स्वामी भाष्कर आरण्य से सांसद ने लिया आशीर्वाद

मधुपुर. शहर के बावनबीघा स्थित सांख्य योग साधना के लिए विश्व प्रसिद्ध कापिल मठ की गुफा में 40 वर्षों से साधनारत स्वामी भाष्कर आरण्य से मंगलवार सांसद डाॅ निशिकांत दुबे मिले और उनका आशीर्वाद लिया. बताते चले कि सांख्य योगाचार्य स्वामी हरिहरानंद आरण्य ने वर्ष 1926 में मठ की स्थापना किया था. सन 1947 में स्वामीजी हरिहरानंद आरण्य ने कपिल मठ में समाधि ली थी. भारत में सांख्य योग साधना पर आधारित मधुपुर का एकलौता मठ है. इसकी एक शाखा दार्जिलिंग के कास्यांग में है. बाद के दिनों में स्वामी धर्ममेघ आरण्य ने यहां चल रही साधना परंपरा को समृद्ध किये. स्वामी धर्ममेघ आरण्य की महासमाधि के बाद वर्तमान में सद्गुरु योगाचार्य स्वामी भाष्कर आरण्य परंपरा को अनवरत बनाये हुए हैं. मठ से अंग्रेजी, हिंदी, बांग्ला, गुजराती, संस्कृत में ग्रंथ लिखे गये है. इनमें से कुछ ग्रंथ दुनिया के 56 विश्वविद्यालयों में पढ़ाया जाता है. बताया जाता है कि दो दिन पूर्व ही केंद्रीय मंत्री भुपेंद्र यादव भी कापिल मठ पहुंचे थे और उनसे मिलकर आशीर्वाद लिया था. हाइलाट्स: गुफा में साधनारत स्वामी भाष्कर आरण्य से मिलकर सांसद ने लिया आशीर्वाद 40 वर्षों से गुफा में सांख्य -योग की साधना कर रहे सद्गुरु स्वामी भाष्कर आरण्य मधुपुर के बावनबीघा स्थित सांख्य योग केंद्र पहुंचे एमपी

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel