[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home झारखण्ड देवघर रामायण कथा का प्रसंग सुनकर श्रोता हुए भावविभोर

रामायण कथा का प्रसंग सुनकर श्रोता हुए भावविभोर

0
रामायण कथा का प्रसंग सुनकर श्रोता हुए भावविभोर

मधुपुर. प्रखंड के कजरा टंडेरी शिव मंदिर में चल रहे सात दिवसीय श्रीराम कथा समारोह महायज्ञ में तीर्थराज प्रयागराज से पधारी हुई देवी अनुपमा रामायणी ने कथा के प्रथम दिवस में भगवान राम का अवतार महाराज दशरथ जी के यहां ही क्यों हुआ इस प्रसंग को सुनाया. उन्होंने कहा कि जो कुछ भी हो रहा है या हो चुका है या आगे होगा यह सब प्रभु की कृपा से ही होता है और सब पहले से ही निश्चित है. पूर्व जन्म में महाराज दशरथ जी ने अपनी पत्नी शतरूपा जी के साथ कठोर तप किया था, जिसमें भगवान को पुत्र के रूप में पाने का वरदान प्राप्त किया था. उन्होंने कहा कि पहले लोग चौथी अवस्था में संसार से मोह त्याग कर वन में भजन करने चले जाते थे. पर अब उल्टा हो गया है चौथी अवस्था में भजन करने की जगह मनुष्य को संसार से मोह हो जाता है. जिससे जीव के कल्याण का रास्ता बंद हो जाता है और भगवान से दूर हो जाता है. प्रत्येक जीव को अपने कर्तव्य के साथ में भगवान का भजन भी करते रहना चाहिए. मौके पर रासबिहारी सिंह, सुखदेव चौधरी, महेश सिंह, उमेश चौधरी, सुधीर चौधरी, हरि भैया समेत दर्जनों स्रोता मौजूद थे. ————————– प्रत्येक जीव को अपने कर्तव्य के साथ में भगवान का भजन करते रहना चाहिए : देवी अनुपमा

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel