जगन्नाथपुर. मागे पर्व पर पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा और पूर्व सांसद गीता कोड़ा शुक्रवार को सपरिवार पाताहातु गांव पहुंचे और दियुरियों के साथ आदिवासी परंपरा के अनुसार सिंहबोंगा की गोवारी में शामिल हुए. पर्व के दौरान दोनों नेताओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार पूजा-अर्चना की. दियुरियों ने विधिवत पूजा संपन्न करायी, जिसमें गांव की सुख-शांति, खुशहाली और समृद्धि के लिए देशाउली से प्रार्थना की गयी. इस अवसर पर गांव के बुजुर्गों, महिलाएं और युवा भी उत्साहपूर्वक शामिल हुए. पारंपरिक वेशभूषा और सांस्कृतिक वातावरण ने पूरे गांव को त्योहारी रंग में रंग दिया. पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने कहा कि मागे पर्व हमारी सांस्कृतिक पहचान और सामाजिक एकता का प्रतीक है. उन्होंने ग्रामीणों को पर्व की शुभकामनाएं देते हुए आपसी भाईचारे और विकास की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया. पूर्व सांसद गीता कोड़ा ने भी गांववासियों के साथ मिलकर पूजा-अर्चना की और क्षेत्र की प्रगति एवं लोगों के कल्याण की कामना की.