बोकारो, माहे रमजान के पहले जुमे को शुक्रवार को जिले भर के मस्जिदों में अकीदतमंदों की भीड़ उमड़ी. अकीदतमंद दोपहर को मस्जिद पहुंचे और जुमे की नमाज अदा कर अपने गुनाहों से तौबा की. साथ ही देश में अमन-चैन, तरक्की व खुशहाली की दुआ की. चास-बोकारो के सिवनडीह, आजाद नगर, हैसाबातू, उकरीद, महुवार, सेक्टर नौ जामा मस्जिद, सेक्टर चार सहित अन्य मस्जिदों में भीड़ रही. इधर, बाजार व मजिस्द के पास रौनक रही. नमाज अदा करने के बाद लोग बाजार व मस्जिद के पास लगी दुकानों पर इफ्तारी के सामान व इत्र की खरीदारी की. जरूरतमंदों की मदद की अपील धनगरी के मौलाना मंजूर आलम मदनी ने बताया कि अल्लाह के आगे हाथ फैला कर रोजेदारों ने रोजा कबूल करने और गुनाहों को माफ करने की फरियाद की. रमजान सबसे खास महीना होता है. पूरे महीने लोग रोजा रखकर अल्लाह की इबादत करते हैं. कहा कि इस माह में किसी भी बेसहारा, दिव्यांग व जरूरतमंदों की मदद करनी चाहिए. उकरीद के रिजवानुल होदा ने कहा कि पहले तो रमजान और फिर जुमे की खुशी रोजेदारों में है. उन्होंने कहा कि माहे रमजान में रोजेदारों पर अल्लाह की खास रहमत होती है. नसीब वालों को माहे रमजान में जुमा की नमाज अदा करने का मौका मिलता है. गौस नगर निवासी निजाम अंसारी ने कहा कि भूखे-प्यासे रहकर दूसरों के दुख दर्द को समझने का नाम है रोजा.