[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार सुपौल बिहार: विधान सभा चुनाव से पहले सहनी ने की 40 सीटों की मांग, बिहार में बढ़ा सियासी तापमान

बिहार: विधान सभा चुनाव से पहले सहनी ने की 40 सीटों की मांग, बिहार में बढ़ा सियासी तापमान

0
बिहार: विधान सभा चुनाव से पहले सहनी ने की 40 सीटों की मांग, बिहार में बढ़ा सियासी तापमान
मुकेश सहनी

बिहार सरकार के पूर्व मंत्री और वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी की निषाद आरक्षण संकल्प यात्रा सोमवार को सुपौल पहुंची. सुपौल में ऑटो स्टैंड के पास कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया. इसके बाद उन्होंने पत्रकारों से बात करते कहा कि इस बार चार नहीं 40 विधायक बनायेंगे. मुकेश सहनी ने इसके साथ ही इंडिया गठबंधन में अपनी हिस्सेदारी भी मांग ली है. सहनी ने इस बयान के साथ ही बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर सियासी हलचलें भी जेत होने की उम्मीद है.

सहनी ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि पिछले 10 सालों से निषाद समाज के अधिकार व आरक्षण के लिए मैं लड़ रहा हूं. लेकिन, दिल्ली में बैठी सरकार हम लोगों की आवाज को नहीं सुन पा रही हैं. आज जरूरत है कि अति पिछड़ा समाज के लोगों को एकजुट होने की और अपने अधिकार और हक की लड़ाई को बुलंद करने की.

ये भी पढ़ें.. डेंगू दवाओं की बिक्री में उछाल, एंटीबायोटिक की 6 गुनी, तो पैरासिटामोल की 5 गुनी बिक्री बढ़ी

इस कार्य में हो सकता है कि व्यक्तिगत रूप से कुछ नुकसान उठाना पड़े, लेकिन अगर हमलोग अपने अधिकार को नहीं ले सके तो आने वाली पीढ़ी हमें माफ नही करेगी. बीजेपी पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि अगर हमलोग अपनी पार्टी का विलय भाजपा में कर दिया होता तो आज मैं भी राज्य में नहीं केंद्र में मंत्री होता, लेकिन यह अपने ही समाज को धोखा देने वाली बात होती. इसलिए हमने कुर्सी पर बैठने की जगह सड़क पर रहकर लड़ना उचित समझा.उन्होंने कहा आज वीआईपी जो भी है वह अतिपिछड़ा समाज के लोगों के समर्थन के कारण है.

निषाद समाज के दुर्दशा की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार में बैठे लोग,निषाद समाज के लोगों के लिए नहीं सोचते हैं. उनके लिए कोई व्यवस्था नहीं करना चाहते हैं.इस समाज के लोगों को कैसे रोजगार मिले इसपर भी कभी नहीं बिचार करते. समाज का परंपरागत व्यवसाय मछली का है उसकी बिक्री के लिए बाजार और कोई सरकारी मदद नहीं करते. इस बार निषाद का बेटा अपनी ताकत से सरकार बनाएगा और समाज में बराबरी का हक पाएगा. 4 नही 40 विधायक बनाना है और अपना भविष्य खुद तय करना है.

https://www.youtube.com/watch?v=drMfUP4c21Y
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel