[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार सारण सोनपुर मेले की टाइमिंग में बदलाव, इस दिन से सजेगा एशिया का सबसे बड़ा पशु बाजार

सोनपुर मेले की टाइमिंग में बदलाव, इस दिन से सजेगा एशिया का सबसे बड़ा पशु बाजार

0
सोनपुर मेले की टाइमिंग में बदलाव, इस दिन से सजेगा एशिया का सबसे बड़ा पशु बाजार
सोनपुर मेला (फाइल फोटो)

Sonpur Mela 2025: बिहार के सारण जिले के सोनपुर में लगने वाला एशिया का सबसे बड़ा पशु मेला की तरीख में बदलाव किया गया है. इस बार यह लोकप्रिय मेला कुछ दिनों की देरी से शुरू होगा. पहले 3 नवंबर को इसके उद्घाटन की तैयारी थी लेकिन विधानसभा चुनाव को देखते हुए इसकी तारीख बढ़ा दी गई है.

9 नवंबर से 10 दिसंबर तक चलेगा मेला

इस बार यह मेला 9 नवंबर से शुरू होकर 10 दिसंबर तक चलेगा. इसकी जानकारी जिलाधिकारी अमन समीर ने दी. उन्होंने कहा कि चुनाव और मेला दोनों ही बड़े आयोजन हैं ऐसे में प्रशासन पहले वोटिंग पर ही फोकस करेगा. इस बार कार्तिक पूर्णिमा का स्नान 5 नवंबर को ही होगा तो दुकानदार उसके अनुसार पहले से ही सजावट शुरू करेंगे.

मेले का धार्मिक इतिहास

सोनपुर मेले का इतिहास बहुत ही पुराना और धार्मिक है. कहा जाता है कि एक बार यहां एक हाथी स्नान कर रही थी. तभी एक घड़ियाल ने हाथी को पकड़ लिया. इन दोनों के बीच काफी देर तक युद्ध हुआ अंत में हाथी हारने लगी. डूबते हुए हाथी ने भगवान विष्णु को पुकारा. भगवान प्रकट हुए और हाथी को बचाकर घड़ियाल को मार दिया.

हर साल कार्तिक पूर्णिमा पर लगता है मेला

तब से यहां हजारों की संख्या में हाथियों को लाया जाता है और वह गंगा स्नान करती है. इसके अलावा यहां खरीद बिक्री भी होती है. मेला के दौरान यहां हाथी, घोड़ा, ऊंट, गाय, भैंस, तोता, कबूतर सहित कई पशु पक्षी नजर आते हैं. हर साल कार्तिक पूर्णिमा पर यहां पशु-पक्षियों का बाजार सजता है.

बिहार का ताजा खबरों के लिए यहां क्लिक करें

हरिहर क्षेत्र की शान यह मेला

यहां दूर दराज से लाखों लोग आते हैं. गंगा-गंडक के संगम पर इस मेले को हरिहर क्षेत्र की शान माना जाता है. इस मेले में नाव दौड़, कुश्ती व सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होते हैं. पर्यटन विभाग ने स्विस कॉटेज और कैंप लगाने की भी तैयारी की है ताकि पर्यटक आराम से रह सकें.

इसे भी पढ़ें: बिहार से चलने वाली इस ट्रेन से हटेगा सुपरफास्ट का दर्जा, यात्रियों को होगा यह फायदा

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel