[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार समस्तीपुर आरएल महतो बीएड कॉलेज में आईसीटी विषय पर छह दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ

आरएल महतो बीएड कॉलेज में आईसीटी विषय पर छह दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ

0
आरएल महतो बीएड कॉलेज में आईसीटी विषय पर छह दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ

दलसिंहसराय: स्थानीय रामपुर जलालपुर स्थित आरएल महतो इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन में इन्फॉर्मेशन एंड कम्युनिकेशन टेक्नोलॉजी (आईसीटी) विषय पर छह दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ किया गया. कार्यशाला का उद्घाटन मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय, नरघोघी, सरायरंजन के प्राचार्य डॉ. आर एम तुगनायत ने फीता काट कर किया. वहीं आज के कार्यक्रम का शुभारंभ उपस्थित अतिथियों के द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया. इस क्रम में मुख्य अतिथि डॉ. तुगनायत ने कहा कि देश का भविष्य अच्छे शिक्षकों पर निर्भर होता है और इन्हें तैयार करने में आईसीटी की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है. वर्तमान समय में आईसीटी के माध्यम से शिक्षण को प्रभावशाली एवं रोचक बनाया जा सकता है. इससे शिक्षकों के शिक्षण कौशल के विकास एवं सुधार में सहयोग मिलता है. वहीं विद्यार्थियों में शिक्षा के प्रति सकारात्मक सोच पैदा होगी.वहीं सहायक प्राध्यापक निर्मल कुमार चंचल ने कहा कि आईसीटी के प्रयोग से अध्यापक और विद्यार्थी दोनों के लिए पढ़ने और सीखने की प्रक्रिया को रोचक और सुगम बन सका है.कम्प्यूटर के आविष्कार ने जहां आईसीटी को सुलभ बनाया है वहीं आधुनिक जीवन में क्रांति लाकर मानव जीवन के हर क्षेत्र को प्रभावित किया है.महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. धर्मेन्द्र कुमार ने कहा कि आईसीटी के प्रयोग से व्यक्ति एक दक्ष, योग्य एवं निपुण शिक्षक बन सकता है. इससे शिक्षकों में आत्मविश्वास व प्रेरणा मिलता है एवं व्यावसायिक विकास होता है. विश्व के शिक्षा समुदाय को एक मंच पर लाने में इसका महत्वपूर्ण योगदान है. कार्यक्रम के बीच महाविद्यालय के प्रशिक्षुओं द्वारा शिक्षाप्रद गीत संगीत एवं अपने विचार भी प्रस्तुत किये गए जिसमें दीप्ति कुमारी, सोनू कुमार, कल्याणी कुमारी, मनीष कुमार, कुमारी स्वीटी नेहा, नीरज कुमार आदि शामिल हैं. इससे पूर्व अतिथियों का स्वागत एवं सम्मान महाविद्यालय परिवार के द्वारा पाग एवं पुष्पहार के साथ किया गया.इस दौरान केशव कुमार चौधरी, डॉ. सविता कुमारी, सत्यम, उमा शंकर चंदन, डीएलएड विभागाध्यक्ष मो. इमामुद्दीन, हसन रजा अंसारी, कुमारी दीपा, रूपम कुमारी, आकांक्षा कुमारी, नीलम कुमारी, पल्लव पारस, रूपक कौशल, पंकज गुप्ता, संतोष सुमन, दिनेश मिश्रा, अजय कुमार, कृष्णानंद पंडित, रश्मि रोजी, श्वेता कर्ण, किरण चौधरी के अलावे प्रशिक्षु छात्र छात्राएं मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel