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Farmers Golden Samriddhi Week begins: किसानों के बीच नवीनतम तकनीक परोसने की जरूरत : वैज्ञानिक

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Farmers Golden Samriddhi Week begins: किसानों के बीच नवीनतम तकनीक परोसने की जरूरत : वैज्ञानिक

Farmers Golden Samriddhi Week begins: पूसा : डा राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय के अधीनस्थ कृषि विज्ञान केंद्र बिरौली के सभागार में कृषि विज्ञान केंद्रों के 50 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में कृषक स्वर्ण समृद्धि सप्ताह का शुभारंभ किया गया. केंद्र के वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ आरके तिवारी ने बताया कि भारत में प्रथम कृषि विज्ञान केंद्र की स्थापना वर्ष 1974 में पांडिचेरी में की गयी थी. देश में 731 कृषि विज्ञान केंद्र जिला स्तर पर कार्य कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों के बीच में कृषि की नवीन तकनीकों का प्रचार प्रसार एवं जागरूकता फैलाना है. पौध संरक्षण विशेषज्ञ सुमित कुमार सिंह ने मशरूम उत्पादन के द्वारा आजीविका को सुदृढ़ करने के बारे में विस्तृत रूप से बताया. ईं विनिता कश्यप ने कृषि में प्रयुक्त होने वाले छोटे उपकरणों के बारे में बताया. वर्षा कुमारी ने केला के रेशा से विभिन्न उत्पादों को बनाने के बारे जानकारी दी. केंचुआ खाद उत्पादन एवं उससे उद्यमिता विकास के बारे में भारती उपाध्याय ने बताया. उद्यानिकी विशेषज्ञ डॉ धीरु कुमार तिवारी द्वारा पुराने एवं अनुपयोगी लीची वृक्षों के जीर्णोद्धार तकनीकी के बारे में जानकारी दी गयी. तकनीकी सप्ताह के दौरान आगामी दिनों में कृषकों के प्रक्षेत्र पर विशेषज्ञों के द्वारा विभिन्न तकनीकों का प्रचार-प्रसार एवं जागरूकता अभियान चलाया जायेगा.

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